Biodata Maker

Select Your Language

Notifications

webdunia
webdunia
webdunia
webdunia

ट्रंप को क्‍यों आई भारत की याद, क्‍या चीन को घेरने की है तैयारी, PM मोदी को भेजा 'पैक्स सिलिका' का न्‍योता

Advertiesment
हमें फॉलो करें America has planned a major meeting regarding China

वेबदुनिया न्यूज डेस्क

, शुक्रवार, 30 जनवरी 2026 (16:21 IST)
India-America Partnership News : चीन आर्थिक मदद के दम पर दुनियाभर में अपना दबदबा बढ़ा रहा है। ऐसे में चीन का मुकाबला करने की चाहत लिए अमेरिका ने भारत केंद्रित एक बड़ी बैठक की योजना बनाई है। यह बैठक भारत-चीन संबंधों के आर्थिक और टेक्‍नोलॉजी से जुड़े आयामों का भी पता लगाएगी। इसमें व्यापार और निवेश संबंध और AI, सेमीकंडक्टर और दवा आपूर्ति श्रृंखला जैसे महत्वपूर्ण और उभरते टेक क्षेत्रों में आत्मनिर्भरता बनाने के भारत के प्रयास जैसे मुद्दे शामिल हैं। चीन के बढ़ते तकनीकी प्रभाव को रोकने के लिए अमेरिका ने भारत को पैक्स सिलिका गठबंधन में शामिल होने का न्योता भेजा है।

खबरों के अनुसार, चीन आर्थिक मदद के दम पर दुनियाभर में अपना दबदबा बढ़ा रहा है। ऐसे में चीन का मुकाबला करने की चाहत लिए अमेरिका ने भारत केंद्रित एक बड़ी बैठक की योजना बनाई है। अमेरिका का US-चीन आर्थिक और सुरक्षा समीक्षा आयोग (USCC) फरवरी में इस साल की अपनी पहली सार्वजनिक सुनवाई बुलाने के लिए तैयार है।
ALSO READ: ट्रंप ने किया PM मोदी का वशीकरण, हमने वैदिक मंत्रों से मुक्त किया, परमहंस को कैसे पता चला
यह बैठक भारत-चीन संबंधों के आर्थिक और टेक्‍नोलॉजी से जुड़े आयामों का भी पता लगाएगी। इसमें व्यापार और निवेश संबंध और AI, सेमीकंडक्टर और दवा आपूर्ति श्रृंखला जैसे महत्वपूर्ण और उभरते टेक क्षेत्रों में आत्मनिर्भरता बनाने के भारत के प्रयास जैसे मुद्दे शामिल हैं।

चीन के बढ़ते तकनीकी प्रभाव को रोकने के लिए अमेरिका ने भारत को पैक्स सिलिका गठबंधन में शामिल होने का न्योता भेजा है। फरवरी 2026 में भारत इस महत्वपूर्ण रणनीतिक समूह का हिस्सा बनेगा। इसका मुख्य उद्देश्य एआई और सेमीकंडक्टर की सप्लाई चेन को सुरक्षित करना और चीन पर तकनीकी निर्भरता को खत्म करना है।
ALSO READ: ट्रंप ने कनाडा को धमकाया, क्यूबा से तेल खरीदने वालों पर भी लगेगा टैरिफ
अमेरिका अब अपनी तकनीकी सप्लाई चेन के लिए पूरी तरह चीन पर निर्भर नहीं रहना चाहता। इसके लिए दुनिया की महाशक्ति अमेरिका को चीन के बढ़ते तकनीकी ताकत से निपटने के लिए एक बार फिर भारत की याद आई है। अमेरिकी विदेश उप सचिव (आर्थिक मामलों के) जैकब हेलबर्ग ने इसकी पुष्टि की है कि भारत फरवरी 2026 में पैक्स सिलिका गठबंधन में शामिल होगा।
ALSO READ: ईरान की ओर बढ़ा दूसरा अमेरिकी बेड़ा, ट्रंप की चेतावनी- समझौते के लिए वक्त खत्म
हेलबर्ग ने कहा है कि अमेरिका अगले महीने फरवरी 2026 में अपनी तकनीकी पहल पैक्स सिलिका में भारत का स्वागत करने के लिए काफी उत्सुक है। अमेरिका चीन के बढ़ते प्रभाव को रोकने के लिए भारत को एक महत्वपूर्ण साझेदार के रूप में देखता है। यह घटनाक्रम ऐसे समय में हो रहा है जब भारत और चीन के रिश्तों में एक थोड़ा थोड़ा सुधार देखा जा रहा है।

पैक्स सिलिका क्या है?

पैक्स सिलिका (Pax Silica) संयुक्त राज्य अमेरिका के नेतृत्व में शुरू की गई एक रणनीतिक अंतरराष्‍ट्रीय पहल है, जिसका उद्देश्य सेमीकंडक्टर, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और महत्वपूर्ण खनिजों के लिए सुरक्षित, लचीली और विश्वसनीय आपूर्ति श्रृंखला बनाना है। यह 21वीं सदी की तकनीकी जरूरतों के लिए चीन जैसे देशों पर निर्भरता कम करने हेतु, समान विचारधारा वाले देशों (जैसे जापान, दक्षिण कोरिया, यूके, आदि) के बीच सहयोग को बढ़ावा देती है।
 

क्या है पैक्स सिलिका का उद्देश्य?

पैक्स सिलिका अमेरिका के नेतृत्व वाली एक ऐसी रणनीतिक पहल है, जिसे दिसंबर 2025 में शुरू किया गया था। इसका मुख्य मकसद वैश्विक स्तर पर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) और सेमीकंडक्टर की सप्लाई चेन को सुरक्षित बनाना है। अमेरिका चाहता है कि आधुनिक तकनीक केवल भरोसेमंद लोकतांत्रिक देशों के पास ही रहे और चीन जैसे देशों पर निर्भरता कम हो सके।
Edited By : Chetan Gour

Share this Story:

Follow Webdunia Hindi

अगला लेख

सुप्रीम कोर्ट का बड़ा आदेश, सभी स्कूलों में छात्राओं को मुफ्ते मिलें सैनेटरी पैड