Publish Date: Fri, 20 Feb 2026 (13:44 IST)
Updated Date: Fri, 20 Feb 2026 (14:09 IST)
Why did Trump ask Shahbaz Sharif to stand up : वॉशिंगटन में आयोजित बोर्ड ऑफ पीस के उद्घाटन सत्र में एक ऐसा नजारा देखने को मिला, जिसकी चर्चा अंतरराष्ट्रीय मीडिया में तेजी से हो रही है। खबरों के अनुसार, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने मीटिंग में अपने संबोधन के दौरान पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ को खड़ा होने के लिए कहा और फिर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की खुलकर तारीफ की। ट्रंप के इस व्यवहार के बाद शहबाज का चेहरा उतर गया। शहबाज चाहते थे कि ट्रंप उनके बारे में दो शब्द कहें लेकिन उनकी इच्छा अधूरी रह गई।
ट्रंप ने पीएम मोदी की खुलकर की तारीफ
वॉशिंगटन में आयोजित बोर्ड ऑफ पीस के उद्घाटन सत्र में एक ऐसा नजारा देखने को मिला, जिसकी चर्चा अंतरराष्ट्रीय मीडिया में तेजी से हो रही है। दअसल, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने मीटिंग में अपने संबोधन के दौरान पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ को खड़ा होने के लिए कहा और फिर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की खुलकर तारीफ की।
जब उतर गया शहबाज शरीफ का चेहरा
मीटिंग में अपने संबोधन के दौरान ट्रंप ने शहबाज शरीफ से कहा, पाकिस्तान और भारत, यह बड़ा मामला था। मुझे लगता है कि आपको (शरीफ) खड़ा होना चाहिए। आइए, जरा खड़े हो जाइए। पाकिस्तान और भारत, बहुत-बहुत धन्यवाद। ट्रंप के इस व्यवहार के बाद शहबाज का चेहरा उतर गया। शहबाज चाहते थे कि ट्रंप उनके बारे में दो शब्द कहें लेकिन उनकी इच्छा अधूरी रह गई।
अपने संबोधन के दौरान ट्रंप ने कहा, भारत और पाकिस्तान का एक बहुत बड़ा मामला था। मैंने प्रधानमंत्री मोदी से बात की है। वह बहुत उत्साहित हैं और वास्तव में वह अभी इस कार्यक्रम को देख रहे होंगे। इसके बाद उन्होंने कहा, मोदी एक महान व्यक्ति हैं और मेरे बहुत अच्छे दोस्त हैं।
ट्रंप ने फिर किया युद्ध रूकवाने का दावा
यह घटनाक्रम उस समय हुआ जब ट्रंप भारत-पाकिस्तान के बीच हुए संघर्ष को रोकने के अपने दावे का जिक्र कर रहे थे। ट्रंप ने एक बार फिर दावा किया कि उन्होंने दोनों देशों के बीच मध्यस्थता की थी और लड़ाई नहीं रुकने पर टैरिफ लगाने की धमकी दी थी।
ट्रंप ने दावा करते हुए कहा, मैंने दोनों को फोन किया। मैं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को बहुत अच्छी तरह जानता हूं। मैंने उनसे कहा कि अगर आप लोग यह मामला नहीं सुलझाते तो मैं आप दोनों के साथ व्यापार समझौता नहीं करूंगा और फिर अचानक हम एक समझौते पर पहुंच गए।
ट्रंप के दावे पर क्या बोला भारत
हालांकि भारत पहले भी स्पष्ट कर चुका है कि भारत-पाकिस्तान के बीच किसी भी संघर्ष विराम या शांति प्रक्रिया में तीसरे पक्ष की भूमिका नहीं रही। भारत लगातार यह दोहराता रहा है कि ऐसे मुद्दे द्विपक्षीय स्तर पर ही सुलझाए जाते हैं। वैसे पाकिस्तान की अंतरराष्ट्रीय बेइज्जती होना कोई नई बात नहीं है। वह वैश्विक मंचों पर लगातार अपनी किरकिरी कराता आया है।
Edited By : Chetan Gour