भोपाल। राजधानी भोपाल के लोगों को लंबे इंतजार के बाद अब मेट्रो की सौगात मिलने जा रही है। शनिवारा को केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल खट्टर और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ऑरेंज लाइन मेट्रो का शुभारंभ करेंगे। कुशाभाऊ ठाकरे परिसर से मेट्रो का औपचारिक शुभारंभ करने के बाद मनोहर लाल खट्टर और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव सुभाषनगर मेट्रो स्टेशन से एम्स तक मेट्रो में सफर करेंगे। वही 21 दिसंबर से मेट्रो से आम लोग सफर कर सकेंगे। पहले चरण में मेट्रो एम्स से सुभाषनगर तक 6.22 किलोमीटर का सफर तय करेगी।
कैसी है भोपाल मेट्रो?-भोपाल मेट्रो अत्याधुनिक रेल सेवा है। भोपाल मेट्रो 30.8 किलोमीटर लंबी परियोजना भोपाल के शहरी क्षेत्र को आसान, तेज और पर्यावरण के अनुकूल बनायेगी। परियोजना में दो कॉरीडोर लाइन और एक डिपो है। भोपाल मेट्रो की ऑरेंज लाइन 16.74 किलोमीटर और ब्लू लाइन 14.16 किलोमीटर की है। यह परियोजना शहर के प्रमुख व्यावसायिक और आवासीय क्षेत्रों को जोड़ते हुए यातायात के दवाब को कम करेगी और नागरिकों के जीवन स्तर को उन्नत बनायेगी। भोपाल मेट्रो आधुनिक परिवहन प्रणाली के साथ ही शहर की प्रगति का प्रतीक है। स्मार्ट, सुरक्षित और पर्यावरण अनुकूल यात्रा को बढ़ावा देते हुए यह परियोजना आवाजाही को आसान बनाएगी। शुभारंभ के साथ भोपाल एक आधुनिक, हरित और सुलभ राजधानी बनने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बढ़ा रहा है।
परियोजना के पहले चरण का शुभारंभ-भोपाल मेट्रो के पहले चरण ऑरेंज लाइन 'प्रायोरिटी कॉरीडोर' का शुभारंभ किया जा रहा है। लगभग 7 किलोमीटर के इस खंड में 8 एलिवेटेड स्टेशन शामिल हैं। यह स्टेशन एम्स, अलकापुरी, डीआरएम ऑफिस, रानी कमलापति स्टेशन, एमपी नगर, बोर्ड ऑफिस चौराहा, केन्द्रीय विद्यालय एवं सुभाष नगर है। यह कॉरीडोर शहर के व्यस्त मार्गों पर सुगम यातायात उपलब्ध करेगा और प्रदूषण को कम करने में सहायता प्रदान करेगा। मेट्रो का यह कॉरीडोर नागरिकों की यात्रा को सरल और आसान बनायेगा। भोपाल मेट्रो की अनुमानित लागत 10 हजार 33 करोड़ रूपये है। इसमें प्रायोरिटी कॉरीडोर की लागत 2 हजार 225 करोड़ रूपये है। प्रायोरिटी कॉरीडोर की लंबाई 7 किलोमीटर है और इस कॉरीडोर में प्रतिदिन 3 हजार लोगों के यात्रा करने का अनुमान है।
कैसा होगा मेट्रो सफर?-राजधानी भोपाल में पहले चरण में एम्स से सुभानगर तक चलने वाले मेट्रो एक दिन में 17 फेरे लेगी। पहली मेट्रो एम्स से सुभाष नगर के लिए सुबह 9 बजे चलेगी। एम्स से सुभाष नगर तक 7 किलोमीटर लंबी ऑरेंज लाइन में कुल 8 स्टेशन होंगे। अगर मेट्रो के किराए की बात की जाए तो पहले दो स्टेशनों का किराया 20 रुपए होगा। इसके बाद स्टेशन के मुताबिक किराया बढ़ता जाएगा।
तीसरे से तीसरे से पांचवे स्टेशन तक 30 रुपए और छठवें से आठवें स्टेशन तक 40 रुपए किराया लिया जाएगा। एम्स से शुरु होकर मेट्रो अलकापुरी, डीआरएम ऑफिस रानी कमलापति, एमपी नगर, डीबी मॉल, केंद्रीय स्कूल और सुभाष नगर तक का सफर तय करेगी। गौरतलब है कि मध्यप्रदेश में इंदौर के बाद भोपाल दूसरा शहर जहां पर लोग अब मेट्रो के सफर का आनंद ले सकेंगे।
भोपाल मेट्रो की विशेषताएं-
सुविधाजनक यात्रा के लिये सभी स्टेशनों पर हाई-स्पीड लिफ्ट और एस्केलेटर ।
दिव्यांगजन के लिये सुगम प्रवेश, व्हील चेयर सुविधा, ब्रेल साइनेज।
उच्च स्तर की सुरक्षा : एआई आधारित सीसीटीवी निगरानी, प्लेटफॉर्म स्क्रीन डोर और ग्रेड-4 सिग्निलिंग सिस्टम।
पर्यावरण अनुकूल : रीजेनेरेटिव ब्रेकिंग से ऊर्जा उत्पादन और सोलर पावर का उपयोग।
आरामदायक कोच : पूर्णत: एसी, आरामदायक सीटिंग और मोबाइल चार्जिंग पॉइंट।
स्मार्ट तकनीक : ऑडियो-विजुअल यात्री सूचना प्रणाली और हाई-टेक ऑपरेशन कंट्रोल सेंटर।