Publish Date: Wed, 18 Feb 2026 (16:04 IST)
Updated Date: Wed, 18 Feb 2026 (16:16 IST)
मध्य प्रदेश बजट में किसी नए कर या टैक्स का एलान नहीं कर मोहन सरकार ने प्रदेश की जनता को बड़ी राहत दी है। उपमुख्यमंत्री एवं वित्त मंत्री जगदीश देवड़ा ने बुधवार को विधानसभा में वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए 4,38,317 करोड़ रु, का बजट पेश किया। सरकार ने बजट को GYANII मॉडल (गरीब, युवा, अन्नदाता, नारी शक्ति, इंफ्रास्ट्रक्चर और इंडस्ट्री) पर केंद्रित बताया है।
बजट पेश होने के बाद मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इसे समृद्ध, संपन्न, सुखद और सांस्कृतिक मध्यप्रदेश के सपने को साकार करने वाला बजट बताया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदीके 'GYAN' के संकल्प में प्रदेश सरकार ने 'आई' (I) भी जोड़ा है। 4,38,317 करोड़ का बजट 2026-27, 'GYANII' अर्थात 'गरीब, युवा, अन्नदाता, नारी शक्ति, इंफ्रास्ट्रक्चर और इंडस्ट्री' के मार्गदर्शी सिद्धान्त पर है। आज सदन में पेश किया गया बजट प्रदेश का पहला रोलिंग बजट है। यह बजट विकसित भारत 2047 के विजन और केंद्र सरकार से निरंतर प्राप्त सहयोग के साथ पूरी तरह समन्वित है। लगातार तीसरी बार हमने कोई भी टैक्स नहीं बढ़ाया है। वहीं बजट भाषण के दौरान विपक्ष ने राज्य पर बढ़ते कर्ज और खाली खजाने लेकर जमकर नारेबाजी की। इस दौरान सदन में कांग्रेस विधायक ने खाली कटौरी के साथ प्रदर्शन किया।
मोहन सरकार के 4.65 लाख करोड़ का पहले पेपरलेस बजट में कई लोकलुभावन एलान किए। जिसमें लाड़ली बहनों के लिए 23,882 करोड़ रुपए और 8वीं तक के बच्चों को मुफ्त टेट्रा पैक दूध देने की घोषणा की गई। इसके साथ बजट में 15,000 शिक्षकों की भर्ती का एलान किया गया।
बजट की प्रमुख घोषणाएं:
सरकारी स्कूलों में 8वीं कक्षा तक के बच्चों को टेट्रा पैक में दूध उपलब्ध कराने के लिए 6,600 करोड़ रुए का प्रावधान
शिक्षा विभाग में 15,000 शिक्षकों और पुलिस विभाग में 22,500 पदों पर भर्ती
उज्जैन में होने वाले सिंहस्थ 2028 की तैयारियों के लिए ₹13,851 करोड़ का विशेष प्रावधान
लाड़ली बहना योजना के लिए सरकार ने अपना खजाना खोलते हुए 23,882 रु. करोड़ का प्रावधान किया है। साथ ही, लाड़ली लक्ष्मी योजना के लिए 1,800 रु. करोड़ आवंटित किए गए हैं।
प्रदेश सरकार ने वर्ष 2026 को किसान कल्याण वर्ष घोषित किया है और कृषि क्षेत्र के लिए 1.15 लाख करोड़ का मेगा पैकेज दिया है।
सिंचाई सुविधाओं के विस्तार के लिए 1 लाख सोलर पंप वितरित किए जाएंगे।
भोपाल और इंदौर मेट्रो विस्तार के साथ-साथ सड़कों और पुलों के निर्माण के लिए 12,690 रु. करोड़ आवंटित
स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए 23,747 करोड़ रु. आवंटित किए गए हैं।
राज्य में औद्योगिक निवेश को बढ़ावा देने के लिए इंदौर-पीथमपुर इकोनॉमिक कॉरिडोर और 48 नए औद्योगिक पार्क विकसित किए जाएंगे।