Publish Date: Tue, 17 Mar 2026 (15:20 IST)
Updated Date: Tue, 17 Mar 2026 (15:24 IST)
राज्यसभा की 37 सीटों पर हुए चुनाव के परिणामों से एक बार फिर विपक्षी एकता को तगड़ा झटका दिया है। भाजपा की अगुवाई वाले NDA ने 22 सीटों पर जीत हासिल कर राज्यसभा में अपनी स्थिति और मजबूत कर ली। इसमें भाजपा को 13 और उसके सहयोगी दलों के 9 उम्मीदवार जीते। वहीं राज्यसभा चुनाव में विपक्ष को सिर्फ 15 सीटों पर ही जीत हासिल हो सकी। राज्यसभा चुनाव में बिहार, हरियाणा और उड़ीसा में 11 सीटों पर वोटिंग के जरिए फैसला हुआ जिसमें भाजपा और उसके सहयोगी दलों ने 9 सीटों पर जीत हासिल की, वहीं विपक्ष दल सिर्फ 2 सीटों पर जीत दर्ज कर सका।
बिहार में NDA ने सभी 5 सीटों पर हासिल की जीत-बिहार में भाजपा के नेतृत्व वाले एनडीए ने रा्ज्यसभा चुनाव में जिस तरह से सभी पांच सीटों पर जीत हासिल की उससे एक बार फिर उसके चुनावी मैनजेमेंट ने सभी को चौंका दिया है। बिहार में संख्या बल के आधार पर एक सीट आरजेडी के खाते में जाने की पूरी संभावना थी लेकिन ऐन वक्त पर आरजेडी के विधायक फैसल रहमान और 3 कांग्रेस विधायक सुरेंद्र प्रसाद, मनोहर प्रसाद सिंह और मनोज विश्वास के वोटिंग से गैर हाजिर होने से आरेडी उम्मीदवार एडी सिंह को हार का सामना करना पड़ा। वहीं भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन,बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, रालोमो नेता उपेंद्र कुशवाहा, रामनाथ ठाकुर के साथ शिवेश राम भी चुनाव जीत गए। बिहार में राज्यसभा चुनाव में आरजेडी उम्मीदवार की हार इंडिया गठबंधन की एकता को भी बड़ा झटका है। राज्यसभा चुनाव में कांग्रेस और आरजेडी के बीच समन्वय और तालमेल में कमी देखने को मिली।
उड़ीसा और हरियाणा में विपक्षी विधायकों की क्रॉस वोटिंग-बिहार की तरह ओडिशा में भी बीजेडी और कांग्रेस विधायकों की क्रॉस वोटिंग ने पूरे सियासी समीकरण को उलट कर रखा दिया। ओडिशा में चार सीटों पर हुए राज्यसभा चुनाव में भाजपा ने 3 सीटों पर कब्जा किया, जबकि बीजेडी को केवल 1 सीट से ही संतोष करना पड़ा। भाजपा समर्थित निर्दलीय उम्मीदवार दिलीप रे ने बीजेडी और कांग्रेस के 11 विधायकों की क्रॉस वोटिंग के बलबूते जीत हासिल कर ली। एनडीए ने बिहार और ओडिशा में एक-एक अतिरिक्त सीट जीती जबकि हरियाणा में कांटे की टक्कर के बाद एक सीट उसके खाते में आई।
वहीं हरियाणा में राज्यसभा चुनाव में कांग्रेस के पांच विधायकों की क्रॉस वोटिंग के चलते भाजपा के संजय भाटिया चुनाव जीत गए। राज्यसभा चुनाव की वोटिंग में कांग्रेस को 9 वोटों को नुकसान उठाना पड़ा है। कांग्रेस के पांच विधायकों ने निर्दलीय सतीश नांदल के पक्ष में वोटिंग की वहीं उसके चार वोट रद्द हुए।
राज्यसभा में NDA को पूर्ण बहुमत- राज्यसभा की 37 सीटों पर हुए चुनाव में 22 सीटों पर जीत हासिल कर NDA ने राज्यसभा में अपनी स्थिति और मजबूत कर ली। ऊपरी सदन में एनडीए का संख्या बल अब 135 से उपर पहुंच गया है और उसे अब स्पष्ट बहुमत हासिल हो चुका है। राज्यसभा में स्पष्ट बहुमत हासिल कर अब NDA को उपरी सदन में महत्वपूर्ण बिलों को पारित कराने में कोई परेशानी नहीं होगी। चुनाव परिणाम बताते है कि राज्यसभा चुनाव में एनडीए को 10 सीटों का फायदा हुआ और विपक्ष को 10 सीटों का नुकसान उठाना पड़ा।
दरअसल राज्यसभा चुनावों में भाजपा के नेतृत्व वाले एनडीए गठबंधन ने विपक्ष की रणनीतिक विफलता और आंतरिक कलह का लाभ उठाते हुए शानदार जीत दर्ज की है। बिहार, ओडिशा और हरियाणा में जिस तरह से एनडीए ने जीत हासिल की उससे उसकी उच्च सदन मेंस्थिति और मजबूत कर दिया है। राज्यसभा चुनाव में एनडीए ने महाराष्ट्र की सात में से छह, बिहार की सभी पांच,असम की सभी तीन,ओडिशा की चार में से तीन, तमिलनाडु की पांच में से दो, पश्चिम बंगाल की पांच में से एक और हरियाणा और छत्तीसगढ़ की दो में से एक सीट जीती।