Publish Date: Thu, 12 Feb 2026 (19:11 IST)
Updated Date: Thu, 12 Feb 2026 (19:16 IST)
पश्चिम बंगाल के उत्तर 24 परगना जिले के बारासात में स्थित एक प्राइवेट अस्पताल में 25 साल की एक महिला नर्स की निपाह वायरस से मौत हो गई पश्चिम बंगाल के इतिहास में यह निपाह वायरस से होने वाली पहली मौत है। निपाह वायरस का अभी तक कोई विशेष इलाज या वैक्सीन उपलब्ध नहीं है। समय पर पहचान और इलाज से जान बचाई जा सकती है।
यह वायरस इंसान से इंसान में भी फैल सकता है, इसलिए सावधानी बेहद जरूरी है।
मीडिया खबरों के मुताबिक महिला नर्स की हालत काफी गंभीर थी और हाल ही में उनका निपाह वायरस टेस्ट नेगेटिव आया था, लेकिन उनकी हालत लगातार बिगड़ रही थी। उन्हें लंबे समय तक CCU में रखा गया था। बुधवार को उन्हें वेंटिलेटर पर रखा गया और आज शाम 4 बजे अस्पताल में उनकी मौत हो गई।
निपाह वायरस क्या है?
निपाह वायरस (Nipah Virus) एक खतरनाक संक्रामक वायरस है, जो मुख्य रूप से चमगादड़ों (फ्रूट बैट) से फैलता है। यह इंसानों में गंभीर बुखार और दिमागी संक्रमण (एन्सेफलाइटिस) का कारण बन सकता है।
क्या हैं निपाह वायरस शुरुआती लक्षण
तेज बुखार, सिरदर्द, मांसपेशियों में दर्द, उल्टी या मतली, गले में खराश, गंभीर लक्षण (संक्रमण बढ़ने पर),
चक्कर आना, भ्रम (कन्फ्यूजन), सांस लेने में तकलीफ, बेहोशी, दिमागी सूजन (एन्सेफलाइटिस), गंभीर मामलों में मरीज कोमा में भी जा सकता है।
कैसे करें निपाह वायरस से बचाव
हाथों को साबुन से बार-बार धोएं। संक्रमित व्यक्ति के संपर्क से बचें। अधपका या गिरे हुए फल न खाएं। मास्क और साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखें। लक्षण दिखने पर तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें। Edited by : Sudhir Sharma