सुप्रीम कोर्ट ने नगरीय निकायों द्वारा नियमों और निर्देशों का अनुपालन न करने की ओर ध्यान दिलाते हुए बुधवार को कहा कि देश में न केवल कुत्तों के काटने से बल्कि सड़कों पर आवारा जानवरों के कारण होने वाली दुर्घटनाओं से भी लोगों की मौत हो रही है।
कुत्ता प्रेमियों और आदेशों के कड़े अनुपालन की मांग करने वालों द्वारा दायर न्यायालय के पूर्व आदेशों में संशोधन की याचिकाओं पर सुनवाई कर रही न्यायमूर्ति विक्रम नाथ, न्यायमूर्ति संदीप मेहता और न्यायमूर्ति एनवी अंजारिया की पीठ ने कहा कि वह सुनवाई इसलिए कर रही है, क्योंकि कई वकीलों और पशु कार्यकर्ताओं ने दावा किया है कि सात नवंबर को आदेश पारित होने से पहले उनकी बात नहीं सुनी गई थी।