Publish Date: Sat, 21 Feb 2026 (18:34 IST)
Updated Date: Sat, 21 Feb 2026 (18:40 IST)
Trouble mounts for Shankaracharya Avimukteshwarananda : प्रयागराज कोर्ट ने आज ज्योतिष पीठ के शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद और उनके शिष्य मुकुंदानंद गिरी के खिलाफ यौन शोषण के आरोपों में एफआईआर दर्ज करने का आदेश दिया है। खबरों के अनुसार, आरोप लगाने वाले नाबालिगों के बयान अदालत में दर्ज किए जा चुके हैं। कोर्ट के आदेश के बाद अब झूंसी थाने में मुकदमा दर्ज किया जाएगा। कोर्ट ने यह आदेश श्रीकृष्ण जन्मभूमि मुक्ति निर्माण ट्रस्ट के अध्यक्ष व शाकुंभरी पीठाधीश्वर आशुतोष ब्रह्मचारी की ओर से दाखिल अर्जी पर सुनवाई के बाद दिया है। इस मुद्दे पर स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद का बयान भी सामने आया था। उन्होंने कहा था कि हमारे ऊपर आरोप लगाए गए है। हम इसका प्रमाण कोर्ट में प्रस्तुत कर चुके हैं।
स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। प्रयागराज की एडीजे रेप एंड पोक्सो स्पेशल कोर्ट ने आज ज्योतिष पीठ के शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद और उनके शिष्य मुकुंदानंद गिरी के खिलाफ यौन शोषण के आरोपों में एफआईआर दर्ज करने का आदेश दिया है। खबरों के अनुसार, आरोप लगाने वाले दोनों नाबालिगों के बयान अदालत में दर्ज किए जा चुके हैं। कोर्ट के आदेश के बाद अब झूंसी थाने में मुकदमा दर्ज किया जाएगा।
शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद पर किसने लगाया आरोप
कोर्ट ने यह आदेश श्रीकृष्ण जन्मभूमि मुक्ति निर्माण ट्रस्ट के अध्यक्ष व शाकुंभरी पीठाधीश्वर आशुतोष ब्रह्मचारी की ओर से दाखिल अर्जी पर सुनवाई के बाद दिया है। इस मुद्दे पर स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद का बयान भी सामने आया था। उन्होंने कहा था कि हमारे ऊपर आरोप लगाए गए है। हम इसका प्रमाण कोर्ट में प्रस्तुत कर चुके हैं।
अविमुक्तेश्वरानंद पर हैं ये आरोप
प्रयागराज महाकुंभ 2025 और हाल ही में खत्म हुए माघ मेला के दौरान स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के शिविर में नाबालिग बच्चों के साथ यौन शोषण किया गया। आशुतोष ब्रह्मचारी का कहना है कि 2 पीड़ितों ने मामले में उनसे मदद मांगी, जिसके बाद उन्होंने बच्चों की पूरी बात सुनकर झूंसी थाने में एफआईआर के लिए तहरीर दी, लेकिन पुलिस की तरफ से कोई एफआईआर नहीं दर्ज की गई, जिसके चलते उन्होंने कोर्ट में आवेदन दिया।
आरोपों को लेकर क्या बोले अविमुक्तेश्वरानंद
अपने ऊपर लगे आरोपों को लेकर स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने कहा कि जो एक्ट मेरे ऊपर लगाया गया है, इस एक्ट में यह नियम है कि न तो बच्चे की पहचान को उजागर किया जाए और न ही किसी दूसरे की पहचान को सामने लाया जाए। फिर भी ऐसा किया जा रहा है। यह सिर्फ मुझे बदनाम करने के लिए ऐसा किया जा रहा है।
Edited By : Chetan Gour