Uttarakhand Chief Minister Pushkar Singh Dhami : उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी आज 2 दिवसीय बर्ड फेस्टिवल का उद्घाटन करने कोटद्वार पहुंचे। लैंसडौन वन प्रभाग, जिला प्रशासन की ओर से पौड़ी गढ़वाल के कोटद्वार में इस फेस्टिवल का आयोजन किया जा रहा है। बर्ड फेस्टिवल में देशभर के बर्ड वॉचिंग के शौकीन पक्षी प्रेमी पहुंचे हुए हैं। इस बीच मुख्यमंत्री धामी ने कोटद्वार में प्रसिद्ध सिद्धबली हनुमान मंदिर में भी पूजा-अर्चना की और राज्य की सुख-समृद्धि के लिए प्रार्थना की। इस अवसर पर मुख्यमंत्री धामी ने जनपद के विभिन्न विकासखंडों के लिए करोड़ों रुपए की विकास योजनाओं की सौगात दी।
खबरों के अनुसार, उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी आज 2 दिवसीय बर्ड फेस्टिवल का उद्घाटन करने कोटद्वार पहुंचे। लैंसडौन वन प्रभाग, जिला प्रशासन की ओर से पौड़ी गढ़वाल के कोटद्वार में इस फेस्टिवल का आयोजन किया जा रहा है। बर्ड फेस्टिवल में देशभर के बर्ड वॉचिंग के शौकीन पक्षी प्रेमी पहुंचे हुए हैं।
इस बीच मुख्यमंत्री धामी ने कोटद्वार में प्रसिद्ध सिद्धबली हनुमान मंदिर में भी पूजा-अर्चना की और राज्य की सुख-समृद्धि के लिए प्रार्थना की। कार्यक्रम स्थल पर पहुंचने पर जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी तथा अन्य अतिथियों का पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत किया। साथ ही कोटद्वार की छात्राओं ने लोकभाषा गढ़वाली में स्वागत गान गाकर अतिथियों का अभिनंदन किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि अनेक पक्षी प्रजातियां विलुप्त होने की कगार पर हैं, जिनका संरक्षण अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यह बर्ड फेस्टिवल कोटद्वार क्षेत्र के विकास में मील का पत्थर सिद्ध होगा। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड जैव विविधता की दृष्टि से देश के समृद्ध राज्यों में शामिल है, जहां लगभग 71 प्रतिशत भूभाग वन क्षेत्र से आच्छादित है।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री धामी ने जनपद के विभिन्न विकासखंडों के लिए करोड़ों रुपए की विकास योजनाओं की सौगात दी। शनिवार को आयोजित कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री द्वारा कुल 61 विकास योजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया गया। इनमें 21 योजनाओं का शिलान्यास शामिल रहा, जिनकी कुल अनुमानित लागत 8,172.78 लाख रुपए रही। वहीं 40 योजनाओं का लोकार्पण किया गया, जिनकी कुल लागत 24,439.55 लाख रुपए रही।
उन्होंने कहा कि स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा देने के लिए स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं द्वारा लगाए गए स्टॉल अत्यंत सराहनीय हैं, जिससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिल रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि 21वां दशक उत्तराखण्ड का दशक होगा और इसमें महिलाओं का योगदान सर्वाधिक रहेगा।
Edited By : Chetan Gour