Who is Yumkham Khemchand: मणिपुर में पिछले एक साल से जारी राजनीतिक अनिश्चितता और राष्ट्रपति शासन अब समाप्त होने जा रहा है। 3 फरवरी 2026 को नई दिल्ली में हुई भाजपा विधायक दल की महत्वपूर्ण बैठक में युमनाम खेमचंद सिंह को सर्वसम्मति से नेता चुन लिया गया है। वे एन. बीरेन सिंह का स्थान लेंगे और राज्य की कमान संभालेंगे। हालिया राजनीतिक घटनाक्रमों के बीच उनका नाम मुख्यमंत्री पद की दौड़ में सबसे आगे रहा है।
विधानसभा अध्यक्ष भी रहे
खेमचंद वह इंफाल पश्चिम जिले की सिंगजामेई (Singjamei) विधानसभा सीट से विधायक (2017 और 2022) हैं। उनके कार्यकाल के दौरान उन्होंने कई महत्वपूर्ण विधायी चुनौतियों का सामना किया। खेमचंद मणिपुर में राष्ट्रपति शासन लगने से पहले एन. बीरेन मंत्रिमंडल में नगर नियोजन और ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज मंत्री के रूप में कार्य कर रहे थे। उन्हें 2022 में कैबिनेट मंत्री बनाया गया था। वे 2017 से 2022 तक मणिपुर विधानसभा के अध्यक्ष रहे।
ताइक्वांडो में ब्लैक बेल्ट
खेमचंद की आयु लगभग 62 वर्ष है। उन्होंने 1978 में राम लाल पॉल हाई स्कूल से मैट्रिक (HSLC) किया। वे ग्रेजुएट हैं। वे ताइक्वांडो के एक कुशल खिलाड़ी और कोच रहे हैं। हाल ही में दिसंबर 2025 में, वे 5वीं डैन (5th Dan) ब्लैक बेल्ट प्राप्त करने वाले पहले भारतीय बने हैं। उन्होंने 1982 में 'ऑल असम ताइक्वांडो एसोसिएशन' की स्थापना की थी।
क्या हैं खेमचंद की खूबियां
मणिपुर में लगभग एक साल से जारी राष्ट्रपति शासन के बाद अब लोकतांत्रिक सरकार की बहाली हो रही है। खेमचंद को आरएसएस (RSS) का करीबी और केंद्रीय नेतृत्व का भरोसेमंद माना जाता है। उन्हें एक ऐसे नेता के रूप में देखा जा रहा है जो राज्य में जारी जातीय तनाव के बीच शांति और समन्वय स्थापित करने में प्रभावी हो सकते हैं। खेमचंद को एक ऐसे नेता के रूप में भी देखा जा रहा है जो विभिन्न समुदायों के बीच संतुलन बना सकते हैं।
भाजपा विधायक दल के नेता के रूप में उनका चयन उनकी प्रशासनिक पकड़ और जमीनी स्तर पर उनकी स्वीकार्यता को दर्शाता है। उन्हें भाजपा के केंद्रीय नेतृत्व और जमीनी कार्यकर्ताओं, दोनों का विश्वास प्राप्त है। स्पीकर और कैबिनेट मंत्री के रूप में उनके पास विधायी और कार्यकारी, दोनों तरह का गहरा अनुभव है।
Edited by: Vrijendra Singh Jhala