Publish Date: Sun, 14 May 2017 (17:29 IST)
Updated Date: Sun, 14 May 2017 (19:09 IST)
नई दिल्ली। कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (ईपीएफओ) के न्यासी एक्सचेंज ट्रेडेड फंड (ईटीएफ) में अपने निवेश को 2017-18 में बढ़ाकर 15 प्रतिशत करने की अनुमति दे सकते हैं, जो कि फिलहाल निवेश योग्य जमाओं का 10 प्रतिशत है।
ईटीएफ में किए जाने वाले निवेश की सीमा बढ़ाई गई तो ईपीएफओ मौजूदा वित्त वर्ष में इस मद में 15,000 करोड़ रुपए तक निवेश कर सकेगा, क्योंकि उसकी सालाना निवेश योग्य जमाएं लगभग 1 लाख करोड़ रुपए की हैं। सूत्रों ने यह जानकारी दी।
उन्होंने कहा कि ईपीएफओ के शीर्ष निर्णायक निकाय केंद्रीय न्यासी बोर्ड (सीबीटी) द्वारा मौजूदा वित्त वर्ष में ईटीएफ निवेश बढ़ाकर 15 प्रतिशत किए जाने की उम्मीद है। श्रममंत्री बंडारू दत्तात्रेय की अध्यक्षता वाली सीबीटी की बैठक 12 अप्रैल 2017 को हुई थी जिसमें इस आशय के प्रस्ताव पर दत्तात्रेय की उपस्थिति में चर्चा हुई। हालांकि तब इस प्रस्ताव को सीबीटी ने टाल दिया, क्योंकि कुछ कर्मचारी प्रतिनिधियों ने इस आशय के कदम की वित्त ऑडिट व निवेश समिति (एफएआईसी) द्वारा पुष्टि करवाने पर जोर दिया।
एफएआईसी की बैठक 19 मई को होनी है, जहां ईपीएफओ अपने निवेश के लिए निकासी नीति के साथ तैयार रहेगा ताकि ईटीएफ में निवेश की सीमा को सीबीटी की 27 मई को होने वाली बैठक में आसानी से बढ़ाया जा सके।
उल्लेखनीय है कि ईपीएफओ ने अगस्त 2015 में 5 प्रतिशत निवेश के साथ शेयर बाजार में कदम रखा था। पिछले साल इस सीमा को बढ़ाकर 10 प्रतिशत कर दिया गया। (भाषा)