Publish Date: Tue, 16 May 2017 (17:16 IST)
Updated Date: Tue, 16 May 2017 (17:21 IST)
नई दिल्ली। खुफिया ब्यूरो के सूत्रों का कहना है कि पाकिस्तान की ख़ुफिया एजेंसी आईएसआई ने भारत में आतंकी भेजने का नया प्लान बनाया है। इसके लिए आईएसआई 10 से 15 साल के लड़कों की मदद से भारत की सीमा में घुसपैठ करा रहा है जिनमें पागलपन की हरकत करने वाले लड़के भी शामिल हैं। इसके लिए आईएसआई अपने हेडक्वॉर्टर में भारत के अंदर रेकी करने की ट्रेनिंग दे रहा है।
इसमें लड़कों को पागल, गूंगे और बेवकूफों जैसी हरकत करने की ट्रेनिंग दी जा रही है। खुफिया एजेंसियों ने इस वर्ष अनजाने में पाक सीमा पार करके आए 25 बच्चों की पड़ताल के बाद इस आशय की गृह मंत्रालय को रिपोर्ट दी हैं। रिपोर्ट से इस बात का खुलासा हुआ है कि कम उम्र के लड़कों और पागल जैसी हरकत करने वाले लड़कों का इस्तेमाल पाकिस्तान आतंकियों की घुसपैठ कराने के लिए 'आतंकी के आगे गाइड' का काम करवाते हैं।
खुफिया एजेंसियों ने इस साल 25 पागल और छोटे लड़कों को पकड़ा है, जिनमें से कई को भारत ने पाकिस्तान को वापस भी कर दिया है। पर पकड़े गए लड़कों से पूछताछ में खुलासा हुआ है कि उनको आईएसआई, पाक आर्मी और आतंकियों के हैंडलर्स जम्मू कश्मीर, पंजाब, और गुजरात बॉर्डर में घुसपैठ कराने के लिए बाकायदा नक्शों और जगहों की जानकारी और उसकी ट्रेनिंग देते हैं। यही नहीं, जिस एरिया में घुसपैठ करके जाना है इन लड़कों को उस इलाके की भाषा भी सिखाई जाती है जिससे अंदर घुसने के बाद कोई इन्हें पहचान न सके।
पानी ढूंढने के बहाने या पागलपन और गूंगे का नाटक करने वाले लड़कों को भारत के अंदर घुसपैठ में मदद के लिए भेजा जाता है। ये लड़के सुरक्षा बलों के मूवमेंट, बीओपी की लोकेशन, किस लोकेशन से सीमा की रखवाली करने वाले क्रॉस करते हैं, बीट पर आने-जाने की टाइमिंग इन तमाम बातों की खुफिया जानकारी वापस जाकर आतंकियों के हैंडलर्स और आईएसआई को देते हैं।
खुफिया रिपोर्ट से इस बात का खुलासा हुआ है कि ऐसे पागल और अनजान लड़कों का इस्तेमाल कर पाकिस्तान भारत की आर्मी और उसके मूवमेंट की जानकारी भी हासिल करने में जुटा है। अब तक कितने लड़के अनजाने में नाटक करके बॉर्डर क्रॉस करने के बारे में जानकारी हासिल कर चुके हैं और पाकिस्तान वापस चले गए हैं, इसकी कोई पुख्ता जानकारी नहीं है।
इतना ही नहीं, आईएसआई सिर्फ लड़कों से ही जासूसी नहीं कराता है बल्कि फर्जी पागल बनी महिलाओं और बुजुर्गों का भी इस्तेमाल करता है। रिपोर्ट के मुताबिक जम्मू-कश्मीर में ही पागल बने लड़कों का कई बार इस्तेमाल आतंकियों की जानकारी के लिए पाकिस्तान कर चुका है। रिपोर्ट के मुताबिक इस साल 2017 में ही 10 से बीस 20 की उम्र के 10 ऐसे जासूसों का इस्तेमाल पाकिस्तान कर चुका है। इसके अलावा, पाकिस्तान 20 से 30 साल की उम्र के 3 लोगों का इस्तेमाल खुफिया जानकारी जुटाने में कर चुका है। इसी तरह उसने 30 से 40 की उम्र के 2 लोगों और 60 की उम्र के 2 लोगों का इस्तेमाल किया है।
webdunia
Publish Date: Tue, 16 May 2017 (17:16 IST)
Updated Date: Tue, 16 May 2017 (17:21 IST)