Publish Date: Fri, 19 Sep 2014 (18:38 IST)
Updated Date: Fri, 19 Sep 2014 (19:09 IST)
विश्व के पहले हिन्दी पोर्टल के साथ ही वेबदुनिया ने 2007 में एक और उपलब्धि हासिल की, जब अपने 7 भाषाओं के पोर्टल को वेबदुनिया ने यूनिकोड फॉन्ट में बदल दिया।
यूनिकोड को भविष्य का फॉन्ट कहा जा रहा था। वेबदुनिया ने पाठकों की सुलभता को ध्यान में रखते हुए नई सामग्री के साथ ही पुरानी हिन्दी सामग्री को भी यूनिकोड में परिवर्तित कर दिया।
वेबदुनिया ने 1999 में विश्व के पहले हिन्दी पोर्टल के रूप में शुरुआत की। बाद में तमिल, तेलुगु, कन्नड़ और मलयालम की शुरुआत हुई। दुनिया के किसी भी कोने में गैर हिन्दीभाषी पाठक भी ताजा खबरों के साथ ज्ञानवर्धक-सामयिक लेख, स्वास्थ्य, ज्योतिष और धर्म से संबंधित जानकारियों को अपनी भाषा में वेबदुनिया के पोर्टल पर पढ़ सकते हैं।
आज इंटरेनट पर भाषा का जाल दिखाई देता है। वेबदुनिया ने इस भाषा की क्रांति की आहट को पहचान लिया। वेबदुनिया परिवार में 2007 में गुजराती, मराठी समेत कुछ और भाषाएं जुड़ गईं। इसके बाद इंटरनेट की दुनिया में क्षेत्रीय भाषाओं की उपस्थिति दृढ़ हुई। वेबदुनिया उन पोर्टल्स में शामिल हैं जिसने क्षेत्रीय भाषा में पाठकों को सामग्री उपलब्ध करवाई। गुजराती और मराठी लोगों के बीच दोनों ही पोर्टल काफी लोकप्रिय हैं।
वेबदुनिया डॉट कॉम में बढ़ी क्षेत्रीय भाषाएं : वेबदुनिया ने 1999 में विश्व के पहले हिन्दी पोर्टल के रूप में शुरुआत की। बाद में तमिल, तेलुगु, कन्नड़ और मलयालम की शुरुआत हुई। दुनिया के किसी भी कोने में गैर हिन्दीभाषी पाठक भी ताजा खबरों के साथ ज्ञानवर्धक-सामयिक लेख, स्वास्थ्य, ज्योतिष और धर्म से संबंधित जानकारियों को अपनी भाषा में वेबदुनिया के पोर्टल पर पढ़ सकते हैं।
आज इंटरेनट पर भाषा का जाल दिखाई देता है। वेबदुनिया ने इस भाषा की क्रांति की आहट को पहचान लिया। वेबदुनिया परिवार में 2007 में गुजराती, मराठी समेत कुछ और भाषाएं जुड़ गईं। इसके बाद इंटरनेट की दुनिया में क्षेत्रीय भाषाओं की उपस्थिति दृढ़ हुई। वेबदुनिया उन पोर्टल्स में शामिल हैं जिसने क्षेत्रीय भाषा में पाठकों को सामग्री उपलब्ध करवाई। गुजराती और मराठी लोगों के बीच दोनों ही पोर्टल काफी लोकप्रिय हैं।
याहू और एमएसएन के लिए कंटेंट प्रोवाइडर : युवाओं में इंटरनेट की बढ़ती लोकप्रियता से याहू और एमएसएन जैसी बड़ी इंटरनेट कंपनी ने अपने भाषायी पोर्टल की शुरुआत की। वेबदुनिया ने इन दोनों पोर्टलों के लिए कंटेंट प्रोवाइड किया। वेबदुनिया ने एमएसएन के भाषायी पोर्टलों के पाठकों की रुचि के मुताबिक कंटेंट उपलब्ध करवाया।
हिन्दीभाषी क्षेत्रों के युवाओं को ध्यान में रखते हुए याहू हिन्दी के साथ अन्य भाषाओं में भी इसके पोर्टल की शुरुआत की गई। इंटरनेट के इन दो बड़े नामों के लिए न सिर्फ कंटेंट, बल्कि एडिटोरियल विजन और प्रेजेंटेशन भी वेबदुनिया ने किया। कंटेंट प्रोवाइडर के साथ ही याहू और एमएसएन के भाषायी पोर्टल का भी वेबदुनिया ने सफलता से संचालन किया।
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Publish Date: Fri, 19 Sep 2014 (18:38 IST)
Updated Date: Fri, 19 Sep 2014 (19:09 IST)