धनु
चंद्र राशि के अनुसार धनु राशि की कुंडली में वर्ष 2026 में बृहस्पति क्रम से 7वें भाव में, फिर जून से 8वें भाव में और अंत में इस वर्ष 9वें भाव में गोचर करेगा। 7वां भाव भाव दांपत्य जीवन और साझेदारी का, 8वां भाव अचानक लाभ या हानि, और छिपे हुए रहस्यों का और अंत में 9वां भाव भाग्य और धर्म का भाव होता है। यदि हम शनिदेव की बात करें तो यह पूरे वर्ष आपकी कुंडली के चतुर्थ भाव में रहेंगे जबकि राहु एवं केतु क्रमश: तीसरे और नवम भाव में विराजमान रहेंगे। वर्ष 2026 धनु राशि, नौकरी, व्यापार और शिक्षा की दृष्टि से चतुर्थ भाव के शनि की दृष्टि कर्म भाव पर रहेगी जो नौकरी में कड़ी मेहनत कराएंगे। हालांकि बृहस्पति के चलते वर्ष के मध्य में नौकरी के हालात अच्छे रहेंगे, लेकिन इसके बाद सतर्क रहने की जरूरत रहेगी। कुल मिलाकर इस वर्ष मेहनत करनी होगी तो ही आपका पद सुरक्षित रहेगा। इसलिए कार्य पर ही फोकस रखेंगे तो अष्टम भाव का बृहस्पति इंक्रीमेंट बढ़ा सकता है और नवम भाव का बृहस्पति आपको पदोन्नति दे सकता है। हालांकि तीसरे भाव का राहु आपकी सभी शत्रु बाधाएं दूर करेगा। चतुर्थ भाव के शनि के कारण व्यापार में धीमी गति रह सकती है। लापरवाही बरतने पर आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है। हर फैसला सोच समझकर कर लें। किसी पर आंखें बंद करके यकीन न करें और धैर्यपूर्वक काम करें। हालांकि 7वें भाव का गुरु आपके व्यापार को संभालने में सहायता करेंगे। बेहतर होगा कि इस साल व्यापार के क्षेत्र में कोई जोखिम न उठाएं। हालांकि सतर्कता के साथ आगे बढ़ने पर अच्छे परिणाम प्राप्त होंगे। शनि के उपाय करना चाहिए। शनि के कारण पढ़ाई से मन भटक सकता है। हालांकि गुरु की दृष्टि बुद्धि, सोच और कल्पना शक्ति को मजबूत बनाएगी और सफलता दिलाने में सहायक होगी। एकाग्रचित्त होकर पढ़ाई करने का प्रयास करें अन्यथा परीक्षा में असफल हो सकते हैं। जो जातक मन लगाकर पढ़ाई करेंगे, उनके लिए यह वर्ष बहुत अच्छा रहेगा। बृहस्पति के उपाय करें। वर्ष 2026 में धनु राशि के दांपत्य, परिवार और लव लाइफ की बात करें तो चौथे भाव में शनि के गोचर के कारण संपत्ति या जमीन-जायदाद को लेकर परिवार में वाद-विवाद हो सकता है। हालांकि सप्तम और अष्टम भाव का बृहस्पति विवाद को सुलझाने का काम भी करेगा। इसलिए आपको शांत रहकर और सोच-विचार कर काम करना होगा। वाणी पर संयम रखना होगा। दांपत्य जीवन में चली आ रही समस्याएं दूर होगी। दांपत्य जीवन अच्छा रहेगा। राहु-केतु और शनि के प्रभाव से छोटी-मोटी परेशानियां या गलतफहमियां जन्म ले सकती हैं, लेकिन समझदारी से काम लेंगे तो यह तुरंत ही दूर हो जाएगी। अविवाहित हैं तो विवाह बंधन में बंधने के योग बनेंगे। विवाह से जुड़े मामलों में यह समय अच्छा रहेगा। फिलहाल संतान सुख की आशा नहीं कर सकते हैं। यदि आपकी कोई संतान है तो उसके करियर को लेकर आप चिंतित रहेंगे। वर्ष के प्रारंभ से जून तक बृहस्पति प्रेम संबंधों को अनुकूल बनाने का काम करेगा। प्रेम को विवाह में बदलने की कोशिश कर रहे जातकों को कामयाबी मिल सकती है। हालांकि बीच-बीच में कुछ गलतफहमियां जन्म ले सकती हैं जिसे आप संवाद से दूर कर सकते हैं। इस साल आपके आर्थिक हालात और निवेश पर आय और धन भावों पर नकारात्मक प्रभाव नहीं है। दोनों ही भावों पर बृहस्पति का प्रभाव आय में वृद्धि करेगा। आपकी आय उत्तम रहेगी और आप बचत भी कर पाएंगे। आप मकान या फ्लैट खरीद सकते हैं। यदि लॉग्न टर्म में इन्वेस्टमेंट या फॉरेन एक्सचेंज में रुपया लगाना चाहते हैं तो अप्रैल के बाद प्लान कर सकते हैं। अच्छा रिटर्न मिल सकता है। हमारी सलाह है कि यदि आप अपनी बचत पर ध्यान देंगे और नौकरी के अलावा आय के नए साधन को विकसित करने का प्रयास करेंगे तो भविष्य अच्छा रहेगा। इस वर्ष चतुर्थ भाव के शनि के कारण स्वास्थ्य के लिए यह साल अच्छा नहीं कहा जा सकता। शनि शारीरिक और मानसिक सेहत को कमजोर कर सकता है। हालांकि गुरु ग्रह आपकी सेहत की रक्षा करेंगे। खानपान में लापरवाही बरतने पर सेहत में तेजी से गिरावट आ सकती है। उचित खानपान और नियमित रूप से योग-व्यायाम व प्राणायाम करें। सतर्क रहकर ही आप खुद को स्वस्थ बनाए रख सकते हैं। धनु राशि के लिए वर्ष 2026 हेतु ज्योतिष उपाय 1. उपाय: पूरे वर्ष मछलियों को चावल और दाना डालते रहें। किसी जरूरतमंद व्यक्ति को अन्न, जल, जूते और कंबल दान करें। हनुमान चालीसा पढ़ते रहें। 2. रत्न: वैसे आपकी राशि का रत्न पुखराज है। ज्योतिष की सलाह पर पुखराज पहन सकते हैं। 3. धातु: आप अपने गले में सोना धारण कर सकते हैं। 4. लकी नंबर: वैसे आपका लकी नंबर 3 है लेकिन इस वर्ष 7 और 9 भी रहेगा। 5. लकी कलर: पीला, बैंगनी और सफेद है। हमारी सलाह है कि अधिकतर समय हल्दी कलर के वस्त्र ही पहनें। 6. लकी मंत्र: वर्ष का लकी मंत्र ॐ श्री कृष्णाय वासुदेवाय नमः। 7. लकी वार: वैसे आपका लकी वार गुरुवार है लेकिन वर्ष 2026 में आपको शनिवार का उपवास करते रहना चाहिए। 8. सावधानी: आपको घर परिवार के प्रति लापरवाह नहीं रहना चाहिए। संयम और जिम्मेदारी से काम करना होगा।