Publish Date: Thu, 01 Oct 2015 (22:26 IST)
Updated Date: Thu, 01 Oct 2015 (22:42 IST)
नई दिल्ली। चुनाव आयोग ने गुरुवार को राजद प्रमुख लालू प्रसाद यादव को यह कहते हुए कारण बताओ नोटिस जारी किया कि बिहार विधानसभा चुनावों के प्रचार के दौरान कथित तौर पर जातिसूचक टिप्पणियां करते हुए उन्होंने प्रथम दृष्टया आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन किया है।
नोटिस में कहा गया है, आयोग की प्रथम दृष्टया राय है कि कथित बयान देकर आपने आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन किया है और आयोग आपको कथित बयान के संदर्भ में 6 अक्टूबर 2015 की दोपहर तीन बजे तक या उससे पहले अपना रुख स्पष्ट करने का मौका देता है जिसमें असफल रहने पर निर्वाचन आयोग आपका आगे संदर्भ दिए बिना ही निर्णय करेगा।
कथित जातिसूचक टिप्पणियां करने के लिए बिहार में मंगलवार को लालू के खिलाफ एक प्राथमिकी दर्ज की गई थी। राजद प्रमुख ने राघोपुर से अपना प्रचार शुरू करते हुए कथित तौर पर कहा था कि विधानसभा चुनाव पिछड़ी जातियों और अगड़ी जातियों के बीच सीधी लड़ाई है। उन्होंने यादवों और अन्य पिछड़ा वर्गों से भाजपा नीत राजग को परास्त करने के लिए धर्मनिरपेक्ष गठबंधन का साथ देने का आह्वान किया था।
नोटिस जारी करते हुए चुनाव आयोग ने उन्हें याद दिलाया कि जाति, नस्ल, धर्म, समुदाय या भाषा के आधार पर नागरिकों के विभिन्न वर्गों के बीच वैमनस्य या नफरत की भावना का प्रसार जन प्रतिनिधित्व कानून 1951 की धारा 125 और भारतीय दंड संहिता की धारा 153ए और 505(2) के तहत अपराध है।
आयोग का नोटिस बिहार के मुख्य निर्वाचन अधिकारी अजय नायक द्वारा चुनाव आयोग को सौंपी गई एक रिपोर्ट पर आधारित है। (भाषा)