बैनर : के.सेरा सेरा निर्देशक : संगीत सिवन संगीत : प्रीतम कलाकार : बॉबी देओल, श्रेया सरन, नाना पाटेकर, जैकी श्रॉफ, चंकी पांडे, जरीना वहाब
फिल्म ‘एक : द पॉवर ऑफ वन’ एक अनाथ लड़के की प्रेम कहानी है। किस्मत का मारा अनाथ नंदू (बॉबी देओल) अकारण ही एक राजनीतिज्ञ की हत्या का दोषी ठहराया जाता है। पुलिस से बचते हुए वह एक ट्रेन में बैठ जाता है, जिसमें उसकी मुलाकात शेखर (प्रदीप खरब) से होती है।
शेखर और नंदू की दोस्ती हो जाती है। नंदू को शेखर बताता है कि वह चौदह वर्षों बाद अपने घर चचेरे भाई की शादी में शरीक होने जा रहा है और अपने दादाजी की सेवा करना चाहता है।
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इसी बीच नंदू का पीछा करते हुए पुलिस भी उसी ट्रेन में पहुँच जाती है। नंदू को देख उस पर गोलियाँ चलाई जाती हैं, परंतु बीच में शेखर आ जाता है और गोलियाँ उसे लग जाती हैं।
शेखर की मौत की खबर देने और उसके दादाजी की सेवा के उद्देश्य से नंदू उसके घर जाता है, परंतु घर वाले नंदू को ही शेखर समझ लेते हैं। नंदू की मुलाकात शेखर के दादा के दोस्त की बेटी प्रीत (श्रेया सरन) से होती है और दोनों एक-दूसरे के करीब आ जाते हैं।
नंदू का पीछा करते हुए सीबीआई इंस्पेक्टर राणा (नाना पाटेकर) भी वहाँ पहुँच जाता है। यहीं से सफर शुरू होता है उतार-चढ़ाव से भरे रोचक घटनाक्रमों का।
क्या कहते हैं निर्देशक : ’हमने इस फिल्म में इस बात को रेखांकित किया है कि इनसान की जिंदगी में उसकी तकदीर कितनी अहम भूमिका अदा करती है। इनसान के कर्म किस तरह उसकी तकदीर का खिलौना बन जाते हैं। इनसान की तकदीर किस तरह बार-बार उसे हँसाती और रुलाती है। इसी के साथ इसमें प्यार और संयुक्त परिवार की बात भी की गई है। कुल मिलाकर यह एक रोमांटिक, हास्य और थ्रिलर फिल्म है।