Buddhism Religion %e0%a4%ac%e0%a5%81%e0%a4%a6%e0%a5%8d%e0%a4%a7 %e0%a4%95%e0%a5%80 %e0%a4%b8%e0%a5%80%e0%a4%96 107120700019_1.htm

Hanuman Chalisa

Select Your Language

Notifications

webdunia
webdunia
webdunia

आज के शुभ मुहूर्त

(एकादशी तिथि)
  • तिथि- अधि. ज्येष्ठ शुक्ल एकादशी
  • ब्रह्म मुहूर्त- सुबह 03:57 एएम से 04:41 एएम
  • त्योहार/व्रत/मुहूर्त- पद्मिनी एकादशी
  • राहुकाल (अशुभ)- दोपहर 12:20 पीएम से 02:02 पीएम
webdunia

बुद्ध की सीख

Advertiesment
गौतम  बुद्ध सीख
webdunia
ND
एक दिन एक व्यक्ति भगवान बुद्ध के पास आया। बोला, भंते, मैं एक महीने से लगातार आपके प्रवचन सुन रहा हूँ। आप बड़ी अच्छी-अच्छी बातें कहते हैं- क्रोध को जीतो, किसी से बैर मत करो, लालच से दूर रहो, मद-मत्सर से बचो। लेकिन मेरे ऊपर इनका कोई असर नहीं होता। मैं गुस्सा खूब करता हूँ, लालच, मद-मत्सर में रात-दिन फँसा रहता हूँ। सच मानिए, आपकी बातों से रत्तीभर भी अंतर नहीं आया।

भगवान बुद्ध मुस्कराकर उसकी बात सुनते रहे। बोले, 'कहाँ के रहने वाले हो?'
'राजगृही के।' उसने उत्तर दिया।

'कहाँ बैठे हो?'
'श्रावस्ती में।' वह बोला।

'राजगृही यहाँ से कितनी दूर है?'
'इतनी!' हिसाब लगाकर उसने बताया।
एक दिन एक व्यक्ति भगवान बुद्ध के पास आया। बोला, भंते, मैं एक महीने से लगातार आपके प्रवचन सुन रहा हूँ। आप बड़ी अच्छी-अच्छी बातें कहते हैं- क्रोध को जीतो, किसी से बैर मत करो, लालच से दूर रहो, मद-मत्सर से बचो। लेकिन मेरे ऊपर इनका कोई असर नहीं होता।
webdunia


'वहाँ पहुँचने में कितनी देर लगती है?'
'पैदल जाओ तो इतनी, सवारी से जाओ तो इतनी।'

'अच्छा, अब एक बात बताओ।'
'क्या?'

'यहाँ बैठे-बैठे क्या तुम राजगृही पहुँच सकते हो?'
खीजकर उसने जवाब दिया, 'यहाँ बैठे-बैठे वहाँ कैसे पहुँच सकते हैं?'

'तब?' बुद्ध ने प्रश्न किया।
वह बोला, 'राजगृही पहुँचने के लिए चलना होगा।'

बुद्ध ने कहा, 'तुम्हारी बात सही है। मंजिल पर पहुँचने के लिए चलना जरूरी होता है। बस, यही मैं कहता हूँ। मैंने तो सिर्फ राह बताई है, मंजिल पर तो चलकर ही पहुँचना होगा। मेरी बातों का असर तभी होगा, जब तुम उनके अनुसार चलोगे, अपने जीवन में उन बातों पर अमल करोगे।'

Share this Story:

Follow Webdunia Hindi