बजट 2002-03 : ‍मुख्य बिंदु

वित्तमंत्री के बजट भाषण के मुख्‍य बिन्दु

- व्यक्तिगत आयकर की दरों में कोई परिवर्तन नहीं।
- रक्षा आवंटन 65 हजार करोड़ रु. का।
- राजसहायता में अगले 3 से 5 वर्ष में और कमी की जाएगी।
- सरकारी ब्याज दरों में आधा प्रश कमी।
- मार्च 2002 से 12200 सरकारी पद कम होंगे।
- सेलफोन, पेजर को सीमा शुल्क से छूट, परंतु मूल शुल्क दुगुना कर 10 प्रश किया।
- सीमेंट और क्लिंकर पर सीमा शुल्क घटा।
- होटलों को सेवाकर से एक साल और छूट मिली, पर सेवाकर का दायरा बढ़ाया।
- 2004-2005 से सीमा शुल्क की केवल दो दरें होंगी।
- पेट्रोल 1 रु., डीजल 50 पैसे प्रति लीटर सस्ता।
- निजी कंपनियों को पेट्रोलियम उत्पाद बेचने की अनुमति मिलेगी।
- शकर की कीमतें घटेंगी।
- उर्वरकों की कीमतें 5 प्रश बढ़ीं।
- रसोई गैस 40 रु. प्रति सिलेंडर व सार्वजनिक वितरण प्रणाली का घासलेट 1.50 रु. प्रति लीटर महँगा।
- कृषि बीमा के लिए नया निगम।
- छोटे किसानों के लिए विशेष योजना।
- आवास ऋण पर ब्याज दरें घटेंगी।
- नई ब्याज रियायत योजना शुरू होगी।
- अनिवासी भारतीयों के लिए कुछ लाभकारी योजनाएँ।
- डाक की दरों में मामूली बढ़ोतरी।
- राष्ट्रीय सुरक्षा खर्च वहन करने के लिए 60 हजार रु. तक की आय वालों तथा अविभाजित हिन्दू परिवारों को छोड़कर अन्य करदाताओं पर 5 प्रश अधिभार।
- गुजरात भूकम्प के लिए लगाया गया 2 प्रश अधिभार समाप्त।
- कंपनी कर की दरों में कोई परिवर्तन नहीं।
- सीमा शुल्क की उच्चतम दर 35 प्रश से घटाकर 30 प्रश।
- 1000 करोड़ रु. के आधारभूत संरचना कोष का गठन।
- 500 करोड़ रु. से शहरी सुधार प्रोत्साहन कोष का गठन।

- आयकरदाताओं को इंटरनेट के माध्यम से जानकारी व फॉर्म उपलब्ध कराने की संपर्क नामक नई योजना। इंटरनेट के माध्यम से विवरणियाँ तैयार हो सकेंगी।

- सूचना प्रौद्योगिकी उत्पादों पर शून्य शुल्क प्रणाली वर्ष 2005 से प्रभावी।
- अगले वित्त वर्ष में सीमा शुल्कों से 2200 करोड़ रु. तथा उत्पाद शुल्कों से 6700 करोड़ रु. प्राप्त होंगे।
- पूर्वोत्तर की तेल रिफाइनरियों पर उत्पाद शुल्क कम होगा।
- कपड़ा क्षत्र के लिए विशेष प्रोत्साहन पैकेज।

वेबदुनिया पर पढ़ें