पल-पल बदलता रहा माहौल...
कांग्रेस ने भी एड़ी-चोटी का जोर लगाया
Publish Date: Tue, 09 Dec 2008 (13:35 IST)
Updated Date: Tue, 09 Dec 2008 (13:34 IST)
नब्बे सदस्य की विधानसभा के लिए छत्तीसगढ़ में मतगणना आरंभ होने के बाद से ही चौंकाने वाली बढ़त के बारे में जानकारी मिलने लगी थी। राज्य में मतगणना से पहले यह माना जा रहा था कि रमनसिंह फिर भाजपा को आसानी से सत्ता में ले आएँगे परंतु ऐसा नहीं हुआ।
आरंभ से ही कांग्रेस ने भाजपा को टक्कर दी और सत्ता पर काबिज होने के लिए आवश्यक 46 सीटें पाने के लिए भाजपा को काफी मेहनत करना पड़ी। राज्य में चार सीटों पर सीपीआई, बीएसपी तथा एनसीपी भी आगे रही, लेकिन दोपहर बाद रुझान बदलने लगे थे और यह लगने लगा था कि भाजपा गत विधानसभा चुनाव परिणामों की तरह 50 सीटें ले आएगी।
गत चुनावों में भाजपा को 50 और कांग्रेस को 37 सीटें मिली थीं और उस समय विद्याचरण शुक्ल के कारण भी कांग्रेस को थोड़ा नुकसान हुआ था। विद्याचरण शुक्ल ने एनसीपी से चुनाव लड़ा था और राज्य में अपनी पार्टी के लिए 7 प्रतिशत वोट प्राप्त किए थे।
भाजपा ने 39.26 प्रतिशत व कांग्रेस ने 36.71 प्रतिशत वोट प्राप्त किए थे। राज्य में तीसरी शक्ति के बारे में स्पष्ट रूप से कुछ नहीं कह सकते, परंतु राज्य की आदिवासी सीटों पर बसपा ने कांग्रेस को जरूर नुकसान पहुँचाया है। कुल मिलाकर राज्य में भाजपा ने स्पष्ट बहुमत प्राप्त कर लिया है।
ये हाल रहे दिग्गजों के : राज्य में कांग्रेस के अजीत जोगी ने मरवाही व उनकी पत्नी रेणु जोगी ने कोंटा से जीत हासिल की, वहीं दंतेवाड़ा से कांग्रेस के दिग्गज नेता महेन्द्र कर्मा हार गए।
मुख्यमंत्री रमनसिंह भी राजनांदगाँव से जीत गए। बीजापुर, डोंगरगाँव, खैरागढ़, धरसीवाँ सीट भाजपा ने अपने कब्जे में ले ली है, वहीं कांग्रेस ने कोंटा, मोहला मानपुर, रायपुर शहर उत्तर पर अपना कब्जा जमाया।