Publish Date: Tue, 11 Jan 2022 (21:10 IST)
Updated Date: Thu, 13 Jan 2022 (00:30 IST)
नई दिल्ली। मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन के साथ आज एलएनजेपी अस्पताल का दौरा कर कोरोनावायरस (Coronavirus) कोविड-19 संबंधित तैयारियों का जायजा लिया। इस दौरान मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने दिल्ली के लोगों को आश्वस्त करते हुए कहा कि हम लॉकडाउन नहीं लगाएंगे।
'आप' की सरकार कोरोना की हर परिस्थिति से लड़ने के लिए पूरी तरह से तैयार है। अगर जरूरत पड़ेगी, तो हम 37 हजार बेड तक तैयार करके 10 से 11 हजार आईसीयू बेड तैयार कर सकते हैं। अच्छी बात है कि इस लहर में अस्पतालों में आने वाले कोरोना मरीज़ बेहद कम हैं, लेकिन फिर भी संक्रमण से बचें और अपना ध्यान रखें।
मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने बताया कि एलएनजेपी में 136 कोरोना मरीज भर्ती हैं। इनमें से सिर्फ 6 लोग कोरोना के इलाज के लिए आए थे, जबकि 130 लोग दूसरी बीमारियों के इलाज के लिए आए थे और जांच में वे भी कोरोना संक्रमित मिले।
वहीं अप्रैल में आई लहर में अधिकतर लोग कोरोना का ही इलाज कराने के लिए आ रहे थे। सीएम अरविंद केजरीवाल ने कहा कि हमें बहुत ही मजबूरी में प्रतिबंध लगाने पड़ रहे हैं। लेकिन मैं यकीन दिलाना चाहता हूं कि जितना जल्दी हो सकेगा, हम प्रतिबंधों को हटा देंगे और कम से कम प्रतिबंध लगाने की कोशिश करेंगे।
एलएनजेपी अस्पताल का दौरा करने के उपरांत मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि कोरोना से संबंधित तैयारियों का जायजा लेने के लिए मैंने आज एलएनजेपी अस्पताल का दौरा किया। मुझे लगता है कि एलएनजेपी अस्पताल देश का नंबर वन अस्पताल है। यहां अभी तक सबसे अधिक कोरोना मरीजों का इलाज हुआ है। यहां से अब तक 22 हजार कोरोना मरीज ठीक होकर अपने घर जा चुके हैं।
मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि पिछली लहर के मुकाबले में यह लहर बहुत ही माइल्ड है। ऊपर वाले का शुक्र है कि हम लोग बहुत ही माइल्ड लहर से लड़ रहे हैं। अप्रैल में जो लहर आई थी, वह बहुत ज्यादा खतरनाक थी। इस वक्त कोरोना के 136 मरीज एलएनजेपी में भर्ती हैं।
मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि पूरे दिल्ली में सारा मिलाकर कुल दो-ढाई हजार मरीज अस्पताल में भर्ती हैं। मैं समझता हूं कि उनमें ऐसे लोगों की संख्या बहुत कम होगी, जो केवल कोरोना की बीमारी का इलाज कराने के लिए अस्पताल में आए। इसमें अधिकतर ऐसे मरीज हैं, जिन्हें आकस्मिक रूप से कोरोना है।
अगर बड़ी संख्या में कोरोना के मामले बढ़ते भी हैं, तो दिल्ली सरकार पूरी तरह से तैयार है। कोरोना के केस ज्यादा आ रहे हैं, लेकिन अस्पतालों के अंदर मरीज कम भर्ती हो रहे हैं। अस्पताल के तौर पर हम पूरी तरह से तैयार हैं। अगर जरूरत पड़ेगी तो हमारी तैयारी 37 हजार बेड तैयार करने की है।
मुख्यमंत्री ने दिल्ली में लगाए गए प्रतिबंधों के बारे में कहा कि यह जो प्रतिबंध लगाए गए हैं, यह बहुत ही मजबूरी में लगाने पड़ रहे हैं। मैं समझता हूं कि इस वक्त हमारे लिए दोनों में बैलेंस बनाए रखना बड़ा चुनौतीपूर्ण है। एक तरफ लोगों के रोजगार पर बनी हुई है। अगर आप प्रतिबंध लगा दें, तो लोगों के रोजगार पर बन आती है और दूसरी तरफ अगर प्रतिबंध न लगाएं, तो आपकी जिंदगी और आपकी सेहत खतरे में पड़ जाती है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि मैं दिल्ली के लोगों को यकीन दिलाना चाहता हूं कि लगाए गए प्रतिबंधों को जितना जल्दी हो सकेगा, हम हटा देंगे और कम से कम समय में कम से कम प्रतिबंध लगाने की कोशिश करेंगे। कोरोना की पीक के सवाल पर मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि इस मामले में कोई भी कुछ कह नहीं सकता है। हम सभी परिस्थितियों के लिए तैयार हैं।