Publish Date: Mon, 27 Apr 2020 (19:35 IST)
Updated Date: Mon, 27 Apr 2020 (19:35 IST)
लखनऊ। राजधानी लखनऊ के किंग जॉर्ज मेडिकल कॉलेज में प्लाज्मा थेरेपी (Plasma Therapy) से कोरोना वायरस रोगियों का इलाज आरंभ होने के बाद अब शहर के संजय गांधी आयुर्विज्ञान संस्थान (SGPGI) में भी प्लाज्मा थेरेपी पर काम शुरू होगा। भारतीय आर्युविज्ञान अनुसंधान परिषद (ICMR) के सहयोग से एसजीपीजीआई में अलग सप्ताह से प्लाज्मा थेरेपी शुरू होने की संभावना है।
संजय गांधी आयुर्विज्ञान संस्थान के निदेशक प्रो. आरके धीमान ने सोमवार को विशेष बातचीत में बताया कि 'संस्थान ने आईसीएमआर के सहयोग से प्लाज्मा थेरेपी पर काम करने की पूरी तैयारी कर ली है। संस्थान में इसके लिए डॉक्टरों की एक विशेष टीम भी बना ली गई है। आईसीएमआर से हरी झंडी मिलने का इंतजार है, इसके बाद यहां भी प्लाज्मा थेरेपी से कोरोना वायरस मरीजों का इलाज शुरू हो जाएगा।'
किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (केजीएमयू) में रविवार रात प्लाज्मा थेरेपी प्रक्रिया शुरू हुई। रविवार शाम वहां एक कोरोना वायरस रोगी को प्लाज्मा थेरेपी दी गई। यह रोगी 58 वर्षीय डॉक्टर हैं, जिन्हें प्लाज्मा देने वाली कनाडा की एक महिला डॉक्टर है। वह पहली कोरोना वायरस रोगी थीं, जो यहां केजीएमयू में भर्ती हुई थीं।
केजीएमयू के डॉक्टरों के मुताबिक रविवार देर शाम मरीज को 200 मिली प्लाज्मा दिया गया और उनकी स्थिति पर नजर रखी जा रही है। अगर आवश्यकता हुई तो सोमवार या मंगलवार को उन्हें दूसरी डोज दी जाएगी। अभी तक केजीएमयू में कोरोना वायरस से ठीक हुए तीन मरीज अपना प्लाज्मा दान कर चुके हैं।
कोरोना वायरस से संक्रमित होने के बाद मशहूर गायिका कनिका कपूर को एसजीपीजीआई में ही भर्ती कराया गया था। एसजीपीजीआई के निदेशक धीमान से जब पूछा गया कि क्या कनिका कपूर को प्लाज्मा दान करने के लिए पीजीआई बुलाया जाएगा? इस पर उन्होंने कहा कि इस बारे में अभी कोई विचार नही किया गया है।
पिछले सप्ताह उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश में प्लाज्मा थेरेपी पर काम जल्द शुरू करने का निर्देश दिया था। अधिकारियों ने बताया था कि मुख्यमंत्री ने चिकित्सा विभाग के अधिकारियों को प्रदेश में प्लाज्मा थेरेपी को बढ़ावा देने का निर्देश दिया है। (भाषा)