Publish Date: Tue, 22 Dec 2020 (17:42 IST)
Updated Date: Tue, 22 Dec 2020 (18:18 IST)
नई दिल्ली। भारत बायोटेक ने मंगलवार को कहा कि उसने कोरोनावायरस की संभावित वैक्सीन कोवाक्सिन के तीसरे चरण के परीक्षण के लिए 13,000 स्वयंसेवकों की भर्ती की है। कंपनी ने बताया कि इस चरण के लिए वह विभिन्न स्थानों से कुल 26,000 लोगों की भर्ती करेगी।
भारत बायोटेक ने एक बयान में बताया कि पहले और दूसरे चरण के चिकित्सकीय परीक्षणों में लगभग 1,000 लोगों पर कोवाक्सिन के असर की जांच की गई थी। भारत बायोटेक ने भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) और नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ वायरोलॉजी (एनआईवी) के सहयोग से यह वैक्सीन देश में ही विकसित की है।
कंपनी के अनुसार वैक्सीन को भारत बायोटेक के बीएसएल-3 संयंत्र में विकसित और विनिर्मित किया गया है।
भारत बायोटेक की संयुक्त प्रबंध निदेशक सुचित्रा एला ने कहा कि यह भारत में होने वाला एक अभूतपूर्व वैक्सीन परीक्षण है और कंपनी लगातार प्रगति से उत्साहित है। कंपनी ने तीसरे चरण का चिकित्सकीय परीक्षण नवंबर के मध्य में शुरू किया था। (भाषा)