Publish Date: Mon, 17 Jun 2019 (19:30 IST)
Updated Date: Mon, 17 Jun 2019 (19:33 IST)
कराची। पूर्व कप्तान वसीम अकरम समेत पाकिस्तान के पूर्व क्रिकेटरों ने विश्व कप में चिर प्रतिद्वंद्वी भारत के खिलाफ आसानी से घुटने टेकने के लिए टीम को आड़े हाथों लिया है।
पाकिस्तान का विश्व कप में भारत के खिलाफ हार का रिकॉर्ड 7-0 है। इस बार मैनचेस्टर में उसे वर्षाबाधित मैच में भारत ने 89 रनों से मात दी। वसीम ने कहा कि टीम चयन ही गलत था। विश्व कप से पहले किसी तरह की रणनीति नजर नहीं आई।
उन्होंने कहा कि जीत-हार खेल का हिस्सा है लेकिन इस तरह से बिना लड़े हारना भी सही नहीं है। टॉस जीतकर गेंदबाजी के अपने फैसले का पाकिस्तान के कप्तान सरफराज अहमद ने भले ही बचाव किया हो लेकिन पूर्व क्रिकेटरों ने इसे गलत ठहराया।
पूर्व टेस्ट बल्लेबाज बासित अली ने कहा कि विराट कोहली दिमागी खेल खेलता है। उसने कहा कि वह पहले गेंदबाजी चुनता और हम उसके जाल में फंस गए। पूर्व तेज गेंदबाज सिकंदर बख्त ने पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड से ऐसा इंतजाम करने को कहा कि अच्छा प्रदर्शन नहीं करने पर खिलाड़ियों के अनुबंध और मैच फीस में से पैसा काट लिया जाए।
उन्होंने कहा कि इन खिलाड़ियों को जवाबदेह बनाना होगा। उन्हें दबाव में खेलने का शऊर आना ही चाहिए। प्रदर्शन के आधार पर ही भुगतान होना चाहिए। पूर्व कप्तान मोहम्मद यूसुफ ने कहा कि भारत के खिलाफ मुकाबला अहम होता है और हम कभी हारना नहीं चाहते लेकिन रविवार को हमारे कप्तान और खिलाड़ियों के हाव-भाव सकारात्मक नहीं थे और ऊर्जा का भी अभाव था।
उन्होंने कहा कि 2 साल पहले कोहली ने टॉस जीतकर पाकिस्तान को पहले बल्लेबाजी का न्योता देने की गलती की, जो सरफराज ने रविवार को दोहराई। बड़े मैच में लक्ष्य का पीछा करना हमेशा कठिन होता है। पूर्व टेस्ट सलामी बल्लेबाज मोहसिन खान ने कहा कि भारतीय टीम कितनी ही मजबूत क्यों न हो लेकिन हमारे खिलाड़ियों ने जीत का जज्बा ही नहीं दिखाया।
पूर्व हरफनमौला अब्दुल रज्जाक ने कहा कि कप्तान और कोच को रणनीति बनाकर यह सुनिश्चित करना चाहिए था कि खिलाड़ी उस पर अमल करें लेकिन ऐसा हो नहीं सका।