Publish Date: Fri, 19 Jun 2026 (19:04 IST)
Updated Date: Fri, 19 Jun 2026 (19:10 IST)
बहसूमा थाना क्षेत्र में 7 वर्षीय मासूम अंगदवीर की हत्या के सनसनीखेज मामले में पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। पुलिस जांच में सामने आया है कि बच्चे की हत्या उसकी मां के प्रेमी ने की थी, जबकि मां पर भी साजिश में शामिल होने के आरोप लगे हैं। व्हाट्सएप चैट और अन्य डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने बच्चे की मां गुरप्रीत को भी गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
पुलिस के अनुसार, 16 जून 2026 को परिजनों ने शिकायत दर्ज कराई थी कि सात वर्षीय अंगदवीर को मुजफ्फरनगर जनपद के मीरापुर निवासी अर्पित पाराशर अपनी वैगनार कार में बैठाकर ले गया था। इसके बाद बच्चे का कोई पता नहीं चला। परिजनों ने अनहोनी की आशंका जताते हुए पुलिस से कार्रवाई की मांग की थी।
मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी अविनाश पांडे के निर्देश पर चार विशेष पुलिस टीमें गठित की गईं। जांच के दौरान आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए, जिनमें एक युवक बच्चे को कार में बैठाकर ले जाता दिखाई दिया। फुटेज देखने पर पुलिस को लगा कि बच्चा उस व्यक्ति को अच्छी तरह जानता था। बाद में परिवार ने उसकी पहचान अर्पित पाराशर के रूप में की, जो अंगदवीर की मां गुरप्रीत का कथित प्रेमी बताया गया।
पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए अर्पित को 24 घंटे के अंदर गिरफ्तार कर लिया। पुलिस पूछताछ में उसने स्वीकार किया कि वह गुरप्रीत से प्रेम करता था और उसे लगता था कि अंगदवीर उनके संबंधों में बाधा बन रहा है। इसी वजह से उसने बच्चे की हत्या कर दी। आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने हस्तिनापुर थाना क्षेत्र के अकबरपुर गढ़ी स्थित सती आशादेवी मठ मंदिर के पास जंगल से मासूम का शव बरामद किया। हत्या में प्रयुक्त चाकू और घटना में इस्तेमाल की गई वैगनार कार भी बरामद कर ली गई।
व्हाट्सएप चैट से मां पर बढ़ा शक
अर्पित की गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने जांच का दायरा बढ़ाया तो गुरप्रीत और अर्पित के बीच हुई व्हाट्सएप चैट सामने आई। पुलिस के अनुसार एक चैट में गुरप्रीत ने अंग्रेजी में लिखा था— "I Trust Your Call"। बताया जा रहा है कि यह संदेश अंगदवीर के लापता होने के बाद भेजा गया था।
पुलिस ने इस चैट और अन्य परिस्थितिजन्य साक्ष्यों को आधार बनाकर गुरप्रीत से पूछताछ की। जांच में सामने आया कि उसे घटनाक्रम की जानकारी पहले से थी। इसके बाद पुलिस ने उसे भी गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। फिलहाल पुलिस दोनों आरोपियों के मोबाइल फोन, कॉल डिटेल रिकॉर्ड और अन्य इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों की गहन जांच कर रही है।
पति विदेश में, बेटे की मौत से टूटा परिवार
मृतक अंगदवीर के पिता गुरुसेवक घटना के समय सऊदी अरब में नौकरी कर रहे थे। इकलौते बेटे की हत्या की खबर मिलने पर वह तत्काल मेरठ पहुंचे और अंतिम संस्कार में शामिल हुए। उन्होंने दोनों आरोपियों के खिलाफ कड़ी से कड़ी सजा की मांग की है।
आठ साल पुरानी शादी, फिर बढ़े प्रेम संबंध
पुलिस जांच में सामने आया कि गुरुसेवक मूल रूप से पंजाब के पटियाला का निवासी है। करीब आठ वर्ष पहले उसकी शादी बिजनौर निवासी गुरप्रीत से हुई थी। कुछ वर्ष पूर्व गुरप्रीत बहसूमा स्थित एंबीशन पब्लिक स्कूल में शिक्षिका थी, जबकि अर्पित वहीं क्लर्क के पद पर कार्यरत था। इसी दौरान दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ीं और कथित प्रेम संबंध स्थापित हो गए।
परिजनों के अनुसार जब गुरुसेवक को इसकी जानकारी मिली तो उसने पत्नी की नौकरी छुड़वा दी। इसके बाद पति-पत्नी के बीच विवाद बढ़ने लगे। गुरप्रीत बेटे को ससुराल में छोड़कर मायके चली गई। बाद में गुरुसेवक भी रोजगार के लिए विदेश चला गया।
बताया जाता है कि अर्पित ने भी शादी कर ली थी और हापुड़ में बैंक में नौकरी कर रहा था। इसके बावजूद दोनों के बीच संपर्क बना रहा। पुलिस के अनुसार वारदात से एक दिन पहले गुरप्रीत बेटे से मिलने सैफपुर आई थी और अगले दिन अर्पित वहां पहुंचा। इसके बाद वह अंगदवीर को अपने साथ ले गया और हत्या कर दी। पुलिस का कहना है कि मामले में डिजिटल साक्ष्यों और दोनों आरोपियों के बयानों के आधार पर आगे की जांच जारी है। जरूरत पड़ने पर दोनों को आमने-सामने बैठाकर भी पूछताछ की जा सकती है। Edited by : Sudhir Sharma