नाम जिसका है सचिन
जन्मदिन विशेष : 24 अप्रैल
अभिनव शुक्ल
बात जग में है छिड़ी फिर वक्त की पहचान की
नाम जिसका है सचिन उस जोश के तूफान की।
हीरो कप का आखिरी ओवर अभी भी याद है
वार्न की गेंदों का वो ब्लोअर अभी भी याद है
जिस जगह लोहा था माना डॉन ने इस जॉन का
उस बड़े से द्वीप का वो घर अभी भी याद है
दाग यूँ लगता नहीं है सूरजों की आग में
दूसरा दिखता सचिन हमको तो है सहवाग में
माईक डेनिस की नहीं बरतानिया की जंग है
है तभी तो गीत गाया रंगभेदी राम में
गेंदबाजों के लिए है कब्र और शमशान भी
नाम जिसका है सचिन उस जोश के तूफान की।
मृत्यु पर अपने पिता की जो आडिग अविचल रहा
खेल के मैदान में जो हर तरह संबल रहा
लोकप्रियता के शिखर पर जाके तो बैठा मगर
स्वच्छ निर्मल मन सदा जो पाँव धरती पर रहा
धन्य वो माता-पिता हैं धन्य वो घर-घाट हैं
जिस जगह चमका है बल्ला डंका मारे हाट है,
धन्य है वह खेल जिसने रत्न हमको दिया
धन्य भारत भूमि जिसके धन्य सारे पाट हैं
राष्ट्र भक्ति की सुनहरी धूप के मैदान की
नाम जिसका सचिन उस जोश के तूफान की।