Publish Date: Mon, 26 May 2025 (16:17 IST)
Updated Date: Mon, 26 May 2025 (16:29 IST)
All party delegation reached Qatar: भारत द्वारा भेजे गए एक सर्वदलीय संसदीय प्रतिनिधिमंडल (All party parliamentary) ने सोमवार को कतर के एक कनिष्ठ मंत्री को पहलगाम आतंकवादी हमले, ऑपरेशन सिंदूर पर नई दिल्ली के रुख तथा आतंकवाद को 'कतई बर्दाश्त नहीं' करने को लेकर राष्ट्रीय आम सहमति से अवगत कराया। राकांपा-एसपी की नेता सुप्रिया सुले (Supriya Sule) के नेतृत्व में सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई और 'ऑपरेशन सिंदूर' के महत्व पर अंतरराष्ट्रीय समुदाय तक सरकार की पहुंच के हिस्से के रूप में शनिवार देर रात कतर पहुंचा।
कतर स्थित भारतीय दूतावास ने 'एक्स' पर पोस्ट किया कि आज सुबह बहुदलीय प्रतिनिधिमंडल ने विदेश राज्य मंत्री महामहिम डॉ. मोहम्मद बिन अब्दुलअजीज बिन सालेह अल खुलैफी से मुलाकात की और पहलगाम आतंकवादी हमले, ऑपरेशन सिंदूर तथा आतंकवाद के प्रति 'कतई बर्दाश्त नहीं' की नीति को लेकर भारत की राष्ट्रीय आम सहमति और भारत के दृष्टिकोण से अवगत कराया। इसने एक अन्य पोस्ट में कहा कि विदेश राज्यमंत्री ने क्षेत्रीय स्थिरता एवं समृद्धि के लिए भारत और आतंकवाद को कतई बर्दाश्त न करने की नीति के प्रति कतर की ओर से एकजुटता व्यक्त की।
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प्रतिनिधिमंडल ने रविवार को कतर शूरा काउंसिल के उपाध्यक्ष डॉ. हमदा अल सुलैती और अन्य कतरी सांसदों से मुलाकात की थी तथा 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकी हमले पर भारत के राष्ट्रीय आक्रोश से उन्हें अवगत कराया जिसमें 26 लोग मारे गए थे। प्रतिनिधिमंडल ने इस बात पर जोर दिया कि यह यात्रा सीमा पार आतंकवाद पर भारत के एकजुट रुख को प्रतिबिंबित करती है।
राकांपा-एसपी की कार्यकारी अध्यक्ष सुले के अलावा प्रतिनिधिमंडल में भाजपा नेता राजीव प्रताप रूडी, अनुराग ठाकुर और वी मुरलीधरन, कांग्रेस नेता मनीष तिवारी और आनंद शर्मा, तेदेपा नेता लवू श्रीकृष्ण देवरायालु, आप नेता विक्रमजीत सिंह साहनी और पूर्व राजनयिक सैयद अकबरुद्दीन शामिल हैं। यह प्रतिनिधिमंडल दक्षिण अफ्रीका, इथियोपिया और मिस्र भी जाएगा।
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कतर को पश्चिम एशियाई क्षेत्र में प्रभावशाली माना जाता है तथा क्षेत्रीय संघर्षों में उसकी भूमिका मध्यस्थ की है। सुले के नेतृत्व वाला समूह इसके बाद दक्षिण अफ्रीका जाएगा, जो वर्तमान में जी-20 की अध्यक्षता कर रहा है। इसके बाद यह प्रतिनिधिमंडल इथियोपिया जाएगा, जो अफ्रीकी संघ का गृह देश भी है। प्रतिनिधिमंडल अरब दुनिया के एक प्रभावशाली देश मिस्र का भी दौरा करेगा।
यह प्रतिनिधिमंडल उन 7 बहुदलीय प्रतिनिधिमंडलों में से एक है जिन्हें भारत ने 33 वैश्विक राजधानियों का दौरा करने का दायित्व सौंपा है ताकि अंतरराष्ट्रीय समुदाय तक पहुंच बनाई जा सके, आतंकवाद के साथ पाकिस्तान के संबंधों पर जोर दिया जा सके तथा यह बताया जा सके कि हालिया संघर्ष पहलगाम आतंकवादी हमले के कारण शुरू हुआ था, न कि 'ऑपरेशन सिंदूर' के कारण, जैसा कि इस्लामाबाद ने आरोप लगाया है।(भाषा)
Edited by: Ravindra Gupta
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