Publish Date: Mon, 11 Sep 2017 (13:08 IST)
Updated Date: Mon, 11 Sep 2017 (13:10 IST)
न्यूयॉर्क। अमेरिका के इतिहास के बेहद डरावने दौर 9/11 हमले की आज बरसी है। देश बीते तीन हफ्तों से दो भयावह चक्रवातों का सामना कर रहा है जिन्होंने यहां भारी तबाही मचाई है।
अमेरिकी धरती पर भयावह आतंकी हमले की बरसी पर आज इस हमले के हजारों पीड़ितों के संबंधी, हमले में बच गए लोग, बचावकर्मी और अन्य लोग उस स्थान पर पहुंच सकते हैं जहां कभी वर्ल्ड ट्रेड सेंटर हुआ करता था।
हमले को सोलह वर्ष हो गए हैं और श्रद्धांजिल देने के लिए एक ऐसी परंपरा बन गई है कि हमले में मारे गए सभी लोगों के यहां इस दिन नाम पढ़े जाते हैं, कुछ पल का मौन रखा जाता है, फिर घंटे की ध्वनि सुनाई पड़ती है और दो शक्तिशाली लाइट बीम रातभर रोशनी फैलाती रहती हैं।
हर बार इस कार्यक्रम में अपनेपन का अहसास बढ़ता जाता है। बीते वर्षों में नाम पढ़ने वालों ने कई संदेश इस मौके पर जोड़े हैं जिनमें से कुछ सभी पीड़ितों के लिए आम संदेश की तरह होते हैं तो कुछ व्यक्तिगत संदेश होते हैं।
मसलन, ‘हमें ऐसा लगता है कि कुछ चीजों ने हमें जुदा कर दिया है लेकिन वास्तव में ऐसा नहीं है, हम सब इस एक धरती का हिस्सा हैं।’ और ‘हम आपसे प्रेम करते हैं और आपकी जुदाई महसूस करते हैं।’ जूडी ब्राम मर्फी ने पिछले वर्ष लिखा था, ‘न्यूयॉर्क शुक्रिया, 9/11 के पीड़ितों को निरंतर सम्मान देने के लिए और उनके नाम पढ़ने के लिए।’ उनके पति ब्रायन जोसफ मर्फी की इस हमले में मौत हो गई थी।
अपहृत विमानों के जरिए 11 सितंबर 2001 को ट्रेड सेंटर, पेंटागन और पेनसिल्वेनिया के शांक्सविले के पास एक स्थान पर हमला किया गया था जिसमें लगभग 3,000 लोग मरे गए थे। इसके बाद अमेरिका वैश्विक आतंकवाद के खतरे को लेकर नए सिरे से सचेत हुआ था।
मूल रूप से न्यूयॉर्क के रहने वाले राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप इस बरसी पर देश के अगुआ के तौर पर पहली बार मौजूद होंगे। वह उस वक्त एक पल का मौन रखेंगे जब पहले विमान ने हमला किया था। व्हाइट हाउस ने कहा कि उनके साथ इस मौके पर प्रथम महिला मेलानिया ट्रंप भी होंगी।
वे पेंटागन में 9/11 हमले के स्मृति कार्यक्रम में शामिल हो सकते हैं। रक्षा मंत्री जिम मैटिस और जॉइंट चीफ्स ऑफ स्टाफ प्रमुख जनरल जोसेफ डनफोर्ड पीड़ितों के संबंधियों के लिए यहां सुबह नौ बजकर 11 मिनट पर निजी स्मृतिसभा का आयोजन करेंगे।
कार्यक्रम में नामों को पढ़े जाने के बाद सभी लोग उन्हें याद करेंगे, पुष्प अर्पित करेंगे और अपने संदेश पढ़ेंगे। उप राष्ट्रपति माइक पेंस और आंतरिक सुरक्षा मंत्री रेयान जिंक शांक्सविले के पास ‘फ्लाइट 93’ राष्ट्रीय संग्रहालय में संबोधन देंगे।
यह उस ग्रामीण स्थल पर बना है जहां एक विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया था। उस अपहृत विमान के यात्रियों और चालक दल के सदस्यों ने आतंकियों का सामना किया था। आतंकी विमान को वॉशिंगटन की ओर ले जा रहे थे।
शांक्सविले स्मारक पर निर्माण अभी जारी है जहां मारे गए 33 यात्रियों और चालक दल के सात सदस्यों के सम्मान में यहां 93 फुट ऊंचा ‘टॉवर ऑफ वॉइसेस’ बनना है। (भाषा)