Publish Date: Thu, 18 May 2017 (15:41 IST)
Updated Date: Thu, 18 May 2017 (15:57 IST)
पाकिस्तान में मौत की सजा पाए भारतीय नागरिक कलभूषण जाधव पर अंतरराष्ट्रीय कोर्ट में सुनवाई जारी है। जल्द ही फैसला आने की उम्मीद है। दोनों ही पक्षों ने शीर्ष अदालत के समक्ष अपनी दलीलें पेश की हैं।
* अंतरराष्ट्रीय कोर्ट ने कहा कि जब तक अदालत आखिरी फैसला नहीं सुना देती तब तक कुलभूषण जाधव को फांसी नहीं दी जा सकती। इसका अर्थ यह है कि फिलहाल जाधव की फांसी पर रोक लग गई है।
* अभी यह तय नहीं कि कुलभूषण जासूस है या नहीं। अत: उसे काउंसर एक्सेस नहीं मिलना गलत है।
* अंतरराष्ट्रीय कोर्ट ने पाकिस्तानी कोर्ट ने सिरे से खारिज किया है।
* विएना समझौते के मुताबिक भारत की अपील जायज है।
* दोनों देशों को पता है कि कुलभूषण भारतीय है।
* अंतरराष्ट्रीय कोर्ट ने माना कि कुलभूषण की जान को खतरा है। शीर्ष अदालत ने इस बात पर चिंता भी जताई।
* इंटरनेशनल कोर्ट में भारत की बड़ी जीत।
* अभी यह तय नहीं है कि कुलभूषण जाधव आतंकवाद हैं। अत: उन्हें काउंसलर एक्सेस मिलना चाहिए।
* जाधव को काउंसलर एक्सेस मिलना चाहिए, अंतरराष्ट्रीय कोर्ट ने कहा।
* विएना समझौते के मुताबिक भारत की अपील जायज है।
* पाकिस्तान को अंतररराष्ट्रीय कोर्ट में झटका।
* पाकिस्तानी कानून के मुताबिक कुलभूषण के पास 40 दिन हैं।
* 26 अप्रैल को कुलभूषण की मां ने अपील फाइल की थी।
* 1977 से ही भारत और पाकिस्तान विएना समझौते का हिस्सा हैं।
भारत की दलील :
* कुलभूषण जाधव भारत नौसेना के पूर्व अधिकारी हैं।
* कुलभूषण ईरान में कारोबार कर रहे थे। उन्हें ईरान से पकड़ा गया।
* कुलभूषण को गलत तरीके से हिरासत में रखा गया है। उसके साथ न्याय नहीं हुआ।
* पाक ने विएना संधि का उल्लंघन किया।
पाक की दलील :
* कोर्ट ने पूरा न्याय किया। आतंक का मामला अंतरराष्ट्रीय न्यायालय के अधिकार क्षेत्र में नहीं है।
* कुलभूषण को बलूचिस्तान में पकड़ा गया।
* आतंकी घटनाओं में जाधव का हाध। अत: उन्हें दी गई फांसी की सजा जायज है।
* कुलभूषण रॉ के एजेंट हैं।
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Publish Date: Thu, 18 May 2017 (15:41 IST)
Updated Date: Thu, 18 May 2017 (15:57 IST)