Publish Date: Wed, 17 Jan 2018 (09:36 IST)
Updated Date: Wed, 17 Jan 2018 (11:02 IST)
वॉशिंगटन। एक शीर्ष रिपब्लिकन सीनेटर का कहना है कि भारतीय तकनीकी पेशेवरों के बीच लोकप्रिय एच1बी कार्य वीजा अमेरिकी कर्मियों को जोखिम में डालता है।
शक्तिशाली सीनेट जुडिशीयरी कमेटी के अध्यक्ष एवं सीनेटर चक ग्रासले ने गृह सुरक्षा के मामले पर कल कांग्रेस में सुनवाई के दौरान कहा कि एच1बी वीजा ऐसा कार्यक्रम है जो अमेरिकी कर्मियों को खतरे में डालता है। ग्रासले ने कहा कि अमेरिका में एच1बी कर्मियों की संख्या दशकों से बढ़ रही है।
इसके साथ ही धोखाधड़ी या दुरुपयोग की आशंका भी बढ़ी है। उन्होंने कहा कि मैंने दोनों को होते देखा है और गृह सुरक्षा मंत्रालय से अपील की है कि वे न्याय मंत्रालय के सहयोग से जांच करें और अभियोग चलाएं। ग्रासले ने कहा कि इन एच1बी कर्मियों में से अधिकतर तकनीकी क्षेत्र में कार्यरत है और हमने देखा है कि दशकों से इस उद्योग में वेतन वृद्धि थमी हुई है और इसी के साथ विदेशी तकनीकी कर्मियों की संख्या बढ़ रही है। उन्होंने कहा कि वे इस बात से प्रोत्साहित हैं कि नागरिकता एवं आव्रजन सेवाओं ने ‘अमेरिकी कर्मियों की सुरक्षा के लिए’कई एच1बी पहलों की घोषणा की है।