Publish Date: Thu, 08 Aug 2019 (15:07 IST)
Updated Date: Thu, 08 Aug 2019 (15:11 IST)
सांकेतिक फोटो
लंदन। वैज्ञानिकों ने दुनिया का सबसे बारीक सोना (गोल्ड) तैयार किया है, जो केवल 2 अणुओं के बराबर पतला है या इसे ऐसे समझा जा सकता है कि वह हमारे नाखून से 10 लाख गुना पतला है। कुछ औद्योगिक प्रक्रियाओं में रासायनिक प्रक्रियाओं के उत्प्रेरण में भी इसका इस्तेमाल हो सकता है।
ब्रिटेन में 'यूनिवर्सिटी ऑफ लीड्स' के अनुसंधानकर्ताओं ने सोने की मोटाई 0.47 नैनोमीटर मापी है। इस पदार्थ को 2डी बताया गया है, क्योंकि इसमें एक के ऊपर एक अणुओं की 2 परतें हैं। इस पदार्थ का चिकित्सकीय उपकरणों और इलेक्ट्रॉनिक उद्योग में व्यापक अनुप्रयोग हो सकता है। कुछ औद्योगिक प्रक्रियाओं में रासायनिक प्रक्रियाओं के उत्प्रेरण में भी इसका इस्तेमाल हो सकता है।
प्रयोगशाला परीक्षणों में पता चला है कि यह सोना उत्प्रेरक के रूप में वर्तमान में इस्तेमाल किए जाने वाले स्वर्ण नैनोकणों की तुलना में अधिक प्रभावी है। यूनिवर्सिटी ऑफ लीड्स के सुन्जिये यी ने कहा कि यह काम ऐतिहासिक उपलब्धि है।