Publish Date: Mon, 19 Mar 2018 (11:15 IST)
Updated Date: Mon, 19 Mar 2018 (11:43 IST)
लंदन। पूर्व रूसी जासूस को ब्रिटेन में जहर दिए जाने के मामले पर दोनों देशों (रूस और ब्रिटेन) के बीच गहराए कूटनीतिक तनाव के बीच संभावित रूसी साइबर हमले के खतरे के मद्देनजर ब्रिटेन के बैंकों, ऊर्जा और जल कंपनियों को हाई अलर्ट पर रखा गया है।
रूस द्वारा ब्रिटेन की महत्त्वपूर्ण राष्ट्रीय अवसंरचनाओं को निशाना बनाने का खतरा ऐसे समय में सामने आया है, जब यूरोपीय संघ में रूसी राजनयिक व्लादिमीर चिकोव ने कहा कि सर्गेई स्क्रीपल और उनकी बेटी यूलिया पर हुए हमले में इस्तेमाल किया गया नर्व एजेंट ब्रिटेन की एक अनुसंधान प्रयोगशाला द्वारा उपलब्ध कराया गया हो सकता है।
चिकोव की इस टिप्पणी से पहले रूस के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने भी इस घटना के लिए ब्रिटेन पर दोष मढ़ा था। उन्होंने कहा कि चेक गणराज्य, स्लोवाकिया, स्वीडन और संभवत: अमेरिका के साथ ही ब्रिटेन के नर्व एजेंट का स्रोत होने की प्रबल संभावना है। इस बीच ब्रिटेन की खुफिया और सुरक्षा सेवाओं की विशेष शाखा के अधिकारी ब्रिटेन में रह रहे एक अन्य रूसी विरोधी को मिल रहीं धमकियों की जांच कर रहे हैं जिन्हें धमकीभरे ई-मेल भेजे जा रहे हैं। (भाषा)