Select Your Language
हिन्दी
Hindi
English
English
தமிழ்
Tamil
मराठी
Marathi
తెలుగు
Telugu
മലയാളം
Malayalam
ಕನ್ನಡ
Kannada
ગુજરાતી
Gujarati
Notifications
Install App
समाचार
योगी आदित्यनाथ
उत्तर प्रदेश
मुख्य ख़बरें
राष्ट्रीय
अंतरराष्ट्रीय
प्रादेशिक
मध्यप्रदेश
छत्तीसगढ़
गुजरात
महाराष्ट्र
राजस्थान
क्राइम
फैक्ट चेक
ऑटो मोबाइल
व्यापार
मोबाइल मेनिया
बॉलीवुड
बॉलीवुड न्यूज़
हॉट शॉट
मूवी रिव्यू
वेब स्टोरी
पर्यटन
आने वाली फिल्म
खुल जा सिम सिम
बॉलीवुड फोकस
आलेख
सलमान खान
सनी लियोन
टीवी
मुलाकात
IPL 2026
खाटू श्याम बाबा
ज्योतिष
दैनिक राशिफल
रामशलाका
राशियां
आज का जन्मदिन
आज का मुहूर्त
लाल किताब
वास्तु-फेंगशुई
टैरो भविष्यवाणी
चौघड़िया
धर्म संग्रह
क्रिकेट
अन्य खेल
खेल-संसार
लाइफ स्टाइल
वीमेन कॉर्नर
सेहत
योग
NRI
मोटिवेशनल
रेसिपी
नन्ही दुनिया
पर्यटन
रोमांस
साहित्य
धर्म-संसार
एकादशी
श्री कृष्णा
रामायण
महाभारत
व्रत-त्योहार
धर्म-दर्शन
शिरडी साईं बाबा
श्रीरामचरितमानस
आलेख
सनातन धर्म
श्रीरामचरितमानस
इंदौर
मध्यप्रदेश
काम की बात
श्रीराम शलाका
एक्सप्लेनर
क्राइम
रामायण
महाभारत
फनी जोक्स
चुटकुले
वीडियो
फोटो गैलरी
अन्य
समाचार
योगी आदित्यनाथ
उत्तर प्रदेश
मुख्य ख़बरें
राष्ट्रीय
अंतरराष्ट्रीय
प्रादेशिक
मध्यप्रदेश
छत्तीसगढ़
गुजरात
महाराष्ट्र
राजस्थान
क्राइम
फैक्ट चेक
ऑटो मोबाइल
व्यापार
मोबाइल मेनिया
बॉलीवुड
बॉलीवुड न्यूज़
हॉट शॉट
मूवी रिव्यू
वेब स्टोरी
पर्यटन
आने वाली फिल्म
खुल जा सिम सिम
बॉलीवुड फोकस
आलेख
सलमान खान
सनी लियोन
टीवी
मुलाकात
IPL 2026
खाटू श्याम बाबा
ज्योतिष
दैनिक राशिफल
रामशलाका
राशियां
आज का जन्मदिन
आज का मुहूर्त
लाल किताब
वास्तु-फेंगशुई
टैरो भविष्यवाणी
चौघड़िया
धर्म संग्रह
क्रिकेट
अन्य खेल
खेल-संसार
लाइफ स्टाइल
वीमेन कॉर्नर
सेहत
योग
NRI
मोटिवेशनल
रेसिपी
नन्ही दुनिया
पर्यटन
रोमांस
साहित्य
धर्म-संसार
एकादशी
श्री कृष्णा
रामायण
महाभारत
व्रत-त्योहार
धर्म-दर्शन
शिरडी साईं बाबा
श्रीरामचरितमानस
आलेख
सनातन धर्म
श्रीरामचरितमानस
इंदौर
मध्यप्रदेश
काम की बात
श्रीराम शलाका
एक्सप्लेनर
क्राइम
रामायण
महाभारत
फनी जोक्स
चुटकुले
वीडियो
फोटो गैलरी
अन्य
दिवाली कविता : दीपों से दीप जले
Advertiesment
BY:
WD Feature Desk
Publish Date:
Sat, 26 Oct 2024 (16:59 IST)
Updated Date:
Sat, 26 Oct 2024 (16:59 IST)
google-news
दिवाली खुशियों की लाती बहार है।
लक्ष्मी की पूजा को हम सब तैयार हैं।।
फेंक दो वे सब चीजें हुईं जो बेकार हैं।
नई-नई चीजों से घर का श्रृंगार है।।
दीपों से दीप जले फैली चमकार है।
फुलझड़ी पटाखे हैं चकरी-अनार हैं।।
ध्यान रखें उनका भी लोग जो बीमार हैं।
कष्ट देता शोर और धुआं धक्कार है।।
स्वच्छता दीपावली का सबको उपहार है।
रक्षा करना इसकी अपना संस्कार है।।
- पंकज डेहरिया
साभार- देवपुत्र
ALSO READ:
दीपावली पर कविता: दीप जलें उनके मन में
ALSO READ:
भाई दूज पर हिन्दी निबंध l 5 Line Essay On Bhai Dooj
हमारे साथ WhatsApp पर जुड़ने के लिए यहां क्लिक करें
Share this Story:
About Writer
WD Feature Desk
अनुभवी लेखक, पत्रकार, संपादक और विषय-विशेषज्ञों द्वारा लिखे गए गहन और विचारोत्तेजक आलेखों का प्रकाशन किया जाता है।....
और पढ़ें
वेबदुनिया पर पढ़ें
समाचार
बॉलीवुड
ज्योतिष
लाइफ स्टाइल
धर्म-संसार
महाभारत के किस्से
रामायण की कहानियां
रोचक और रोमांचक
Follow Webdunia Hindi
अगला लेख
दीपावली पर कविता: दीप जलें उनके मन में
सम्बंधित जानकारी
दीपावली पर कविता: दीप जलें उनके मन में
10 लाइन नरक चतुर्दशी पर निबंध हिंदी में
भाई दूज पर हिन्दी निबंध l 5 Line Essay On Bhai Dooj
दीपावली पर 10 लाइन कैसे लिखें? Essay on Diwali in Hindi
धनतेरस पर सरल व दमदार निबंध : Dhanteras Festival in Hindi
Open App
X
होम
धर्म संग्रह
Shorts
फोटो
Reels