Publish Date: Mon, 18 Apr 2016 (15:49 IST)
Updated Date: Mon, 18 Apr 2016 (15:52 IST)
19 अप्रैल 1975 को भारत अपना पहला उपग्रह आर्यभट्ट लॉन्च कर अंतरिक्ष युग में दाखिल हुआ था। यह भारत का पहला वैज्ञानिक उपग्रह था, जो लॉन्च होने के 17 साल के बाद 11 फरवरी 1992 को पृथ्वी पर वापस आया।
भारत का पहला उपग्रह देश के मशहूर खगोलशास्त्री और गणितज्ञ आर्यभट्ट के नाम पर रखा गया था। आर्यभट्ट उन पहले व्यक्तियों में से थे जिन्होंने बीजगणित का प्रयोग किया था। इसके अलावा उन्होंने पाई का सही मान 3.1416 निकाला था।
360 किलोग्राम वजनी आर्यभट्ट को सोवियत संघ के इंटर कॉसमॉस रॉकेट की मदद से अंतरिक्ष में भेजा गया था।
पिछले 4 दशकों में भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान सगंठन, इसरो ने 70 से ज्यादा उपग्रह वैज्ञानिक और तकनीकी एप्लिकेशन के लिए अंतरिक्ष में भेजे हैं।
इस उपग्रह का निर्माण इसरो द्वारा कृत्रिम उपग्रहों के निर्माण और अंतरिक्ष में उनके संचालन में अनुभव पाने के मकसद से किया गया था।
इसका मकसद ये भी था कि भविष्य में भारत अंतरिक्ष विज्ञान के क्षेत्र में आत्मनिर्भर हो सके. आर्यभट्ट उपग्रह का मुख्य उद्देश्य एक्स रे, खगोल विद्या, वायुविज्ञान और सौर भौतिकी से जुड़े प्रयोग करना था।