मंगल के नमूने पृथ्वी पर लाएगा रोवर
Publish Date: Wed, 10 Jul 2013 (14:22 IST)
Updated Date: Wed, 10 Jul 2013 (14:19 IST)
केप केनेवरल। मंगल ग्रह पर 7 वर्ष बाद जाने वाला नासा का रोवर नमूने इकट्ठा कर पृथ्वी पर लाएगा।नासा वर्ष 2020 में मंगल की सतह पर भेजे जाने वाले इस रोवर मिशन पर 1.5 अरब डॉलर खर्च करेगी। यह रोवर न सिर्फ मंगल से इकट्ठा किए गए नमूनों को पृथ्वी पर वापस लाने का काम करेगा बल्कि इसका लक्ष्य उस पर उन सूक्ष्म जीवों का पता लगाने का होगा जो अतीत में इसकी सतह पर पाए जाते थे।ब्राउन विश्वविद्यालय के भूगर्भवेत्ता जॉन जैक मस्टर्ड को नासा के मंगल-2020 मिशन की सलाहकार टीम का अक्ष्यक्ष बनाया गया है। उन्होंने कहा कि हमें नहीं लगता कि मंगल पर जीवन इस कदर पनपा होगा कि हम वहां जाएंगे और उसके चिह्न हमें मिल जाएंगे।प्रोफेसर मस्टर्ड ने बताया कि मंगल पर जीवन की उत्पत्ति से जुड़े कई मूल सवालों से पर्दा उठाने के लिए यह बेहद आवश्यक है कि उसकी सतह से नमूने इकट्ठा कर पृथ्वी पर लाए जाएं, जहां उनका गहनता से विश्लेषण हो सके। ऐसा करने पर वैज्ञानिक समुदाय की शंकाओं का भी निदान संभव हो पाएगा।सलाहकार टीम ने इस बाबत नासा को मंगल की चट्टानों तथा मिट्टी से भरी 31 ट्यूबों को पृथ्वी पर लाने का सुझाव दिया है।उल्लेखनीय है कि मंगल की सतह पर कार्यरत नासा का रोवर क्यूरोसिटी उन कारणों का पता लगाने का प्रयास कर रहा है जिसने इस फलते-फूलते ग्रह को शुष्क रेगिस्तान में तबदील कर दिया। (वार्ता)