Publish Date: Thu, 08 Feb 2018 (21:09 IST)
Updated Date: Thu, 08 Feb 2018 (21:20 IST)
किम्बर्ली। वनडे क्रिकेट के इतिहास में 200 विकेट लेने वाली पहली महिला क्रिकेटर बनीं भारतीय तेज गेंदबाज झूलन गोस्वामी का मानना है कि उनके लिए यह निजी रिकॉर्ड से ज्यादा टीम की जीत अहम है।
35 साल की झूलन ने दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ तीन मैचों की आईसीसी महिला चैंपियनशिप के दूसरे मैच में बुधवार को लारा वूलवार्ट को आउट कर वनडे में अपना 200 वां विकेट पूरा किया और ऐसा करना वाली वह विश्व की पहली महिला गेंदबाज बन गईं।
अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) ने गुरुवार को झूलन के हवाले से कहा, मुझे लगता है कि जब आप विजेता टीम की सदस्य होती हैं तो यह ज्यादा अहम होता है, बजाए इसके कि आपने क्या निजी उपलब्धि हासिल की है। यह जीत हमारे लिए काफी अहम है।
उन्होंने कहा,वर्ष 2021 में होने वाले विश्व कप के लिए क्वालिफाई करने के मद्देनजर आईसीसी की यह महिला चैंपियनशिप हमारे लिए बेहद महत्वपूर्ण है, इसलिए यह 200 विकेट से कहीं ज्यादा अहम है। हमारे लिए यह जरूरी है कि हम प्रत्येक मैच से दो अंक हासिल करें।
झूलन पिछले साल मई में वनडे में सबसे अधिक विकेट लेने वाली पहली महिला क्रिकेटर बनी थीं और ऑस्ट्रेलिया की कैथरीन फिट्जपेट्रिक का लगभग एक दशक पुराना रेकॉर्ड तोड़ा था और अब वह 200 विकेट लेने वाली दुनिया की पहली महिला गेंदबाज बन गई हैं।
भारत के लिए अब तक 166 मैच खेल चुकी बंगाल की तेज गेंदबाज ने कहा, ईमानदारी से कहूं तो जब मैं 200 विकेट से तीन विकेट दूर थीं तो मैं अपने विकेट गिन रही थी। इस उपलब्धि को हासिल करने के लिए मैंने काफी लंबा रास्ता तय किया है। लेकिन इस बार जब मैंने अपने 200 विकेट पूरे किए तो मैं इसे गिना नहीं और अपनी गेंदबाजी पर ध्यान लगाना जारी रखा।
यह पूछे जाने पर कि इन 200 विकेट में से उनकी कौनसी विकेट सबसे अच्छी रहीं? झूलन ने कहा, सभी विकेट मेरे करियर की सबसे अच्छी विकेट रहीं। मेरे 200 विकेट की सभी विकेट एक समान थीं। लेकिन जब मैं संकट की घड़ी में अपनी टीम को विकेट दिलाती हूं तो वह विकेट मेरे लिए खास विकेट बन जाता है। सभी विकेट मेरे लिए अहम हैं। (वार्ता)