Webdunia - Bharat's app for daily news and videos

Install App

Select Your Language

Notifications

webdunia
webdunia
webdunia
webdunia
Advertiesment

कोच और पूर्व कोच में ठनी, रवि शास्त्री हुए राहुल द्रविड़ से नाराज

हमें फॉलो करें webdunia
शुक्रवार, 18 नवंबर 2022 (12:43 IST)
नई दिल्ली: भारतीय टीम के मौजूदा कोच राहुल द्रविड़ के न्यूजीलैंड दौरे में ब्रेक लेने पर नाखुशी जताते हुये पूर्व मुख्य कोच रवि शास्त्री ने कहा कि इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के दौरान मिलने वाले दो तीन महीने कोच के तौर पर आराम करने के लिये पर्याप्त हैं।

शास्त्री ने गुरूवार को कहा “मैं ब्रेक में विश्वास नहीं करता क्योंकि मैं अपनी टीम को समझना चाहता हूं, मैं अपने खिलाड़ियों को समझना चाहता हूं और टीम को नियंत्रण में रखना चाहता हूं। अपने काम के प्रति ईमानदार होने के लिये वास्तव में ब्रेक की जरूरत नहीं है। आपको आईपीएल के 2-3 महीने मिलते हैं, यही आपके लिए कोच के रूप में आराम करने के लिए काफी है।”

भारत-न्यूजीलैंड के बीच शुक्रवार को होने वाले पहले टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच की पूर्व संध्या पर गुरूवार को प्राइम वीडियो द्वारा आयोजित वर्चुअल प्रेस कॉन्फ्रेंस में शास्त्री ने अपने यह उदगार व्यक्त किये।
webdunia

गौरतलब है कि आस्ट्रेलिया में हाल ही संपन्न टी-20 विश्वकप के बाद मुख्य कोच राहुल द्रविड़ स्वदेश लौट गये थे। उनकी गैर मौजूदगी में प्रशिक्षक की जिम्मेदारी वीवीएस लक्ष्मण को सौंपी गयी है। यह पहली बार नहीं है जब द्रविड़ ब्रेक ले रहे हैं। इससे पहले उन्होंने जिम्बाब्वे दौरे और दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ घरेलू सीरीज में ब्रेक लिया था। द्रविड़ के कोच के तौर पर भारतीय टीम को अभी किसी टूर्नामेंट में जीत का इंतजार है। संयुक्त अरब अमीरात में भारत एशिया कप जीतने में विफल रहा जबकि टी-20 विश्व कप में इंग्लैंड के खिलाफ टीम को सेमीफाइनल में हार का सामना करना पड़ा।

न्यूजीलैंड के खिलाफ शुक्रवार से शुरू हो रही तीन मैचों की टी20 सीरीज में भारत को जीत का इंतजार है। पहला मैच वेलिंगटन के स्काई स्टेडियम में खेला जाएगा। टी20 श्रृंखला में नियमित कप्तान राेहित शर्मा और विराट कोहली के अलावा केएल राहुल,रविचंद्रन अश्विन और मोहम्मद शमी को विश्राम दिया गया है।(वार्ता)

Share this Story:

Follow Webdunia Hindi

अगला लेख

कतर के लिए आत्मघाती गोल बनता फुटबॉल वर्ल्ड कप, देश की छवि पर लग रहा बट्टा