Publish Date: Sun, 19 Oct 2014 (16:25 IST)
Updated Date: Sun, 19 Oct 2014 (16:28 IST)
नई दिल्ली। भारतीय क्रिकेट टीम पर दबाव में बिखरने के आरोप लगातार लगते रहे हैं लेकिन पूर्व कप्तान सौरव गांगुली का मानना है कि वर्तमान टीम पहले की तुलना में अब मुश्किल परिस्थितियों से उबरने में अधिक सक्षम है।
गांगुली ने कहा कि हम 2003 में रिकी पोंटिंग की अगुवाई वाली सर्वश्रेष्ठ ऑस्ट्रेलियाई टीम से हार गए थे, लेकिन आज भारतीय टीम दबाव में नहीं बिखरेगी।
उन्होंने 2003 के एकतरफा फाइनल की याद करते हुए कहा कि भारतीय टीम का कप्तान पद संभाला मुश्किल काम है, क्योंकि टीम से काफी अपेक्षाएं की जाती हैं।
गांगुली ने शनिवार को यहां 'आज तक' के कार्यक्रम 'सलाम क्रिकेट' में कहा कि ‘जोहानिसबर्ग की हार के बाद हमारे ऊपर पत्थर फेंके गए। हम भारतीय दबाव में अच्छा खेलते हैं लेकिन हमें उसके साथ जीना सीख रहे हैं।
आगामी विश्व कप में दबाव के बारे में बात करते हुए 1987 विश्व कप विजेता ऑस्ट्रेलियाई टीम के कप्तान एलन बॉर्डर ने कहा कि 50 ओवरों की क्रिकेट से खास तरह का दबाव जुड़ा हुआ है।
बॉर्डर ने कहा कि क्रिकेट के इस सबसे बड़े टूर्नामेंट में हर 4 साल में आपको अपना कौशल, प्रतिभा और जज्बा दिखाने को मौका मिलता है।
उन्होंने कहा कि भारत पर 2011 की सफलता दोहराने का दबाव रहेगा, क्योंकि यहां क्रिकेट को लेकर काफी जुनून है। वेस्टइंडीज की 1975 और 1979 की विश्च चैंपियन टीम के कप्तान क्लाइव लॉयड ने कहा कि जब वे कैरेबियाई द्वीपों की संस्कृति और सपनों का प्रतिनिधित्व करते थे तो दबाव महसूस करते थे। (भाषा)