मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में स्थित राष्ट्रीय उद्यान वन विहार में हाल ही में आए नए मेहमान सफेद बाघ के जोड़े को निजी क्षेत्र के मोबाईल फोन कंपनी 'टाटा इंडीकाम' ने एक एक वर्ष के लिए गोद लिया।
वन विहार के संचालक एस.एस. राजपूत ने बताया कि नंदन कानन जू से अप्रैल में सफेद बाघ के जोड़े को वन्यजीवों के आदान-प्रदान कार्यक्रम के तहत यहाँ लाया गया है। वन विहार में वन्य प्राणियों को गोद लेने की योजना के तहत सफेद बाघ भगत और चीते ट्रेगा को टाटा इंडीकाम कंपनी ने एक-एक वर्ष के लिए गोद लिया है।
गोद लेने की कार्यवाही को कंपनी के मध्यप्रदेश एवं छत्तीसगढ़ के मुख्य कार्यकारी अधिकारी ओनील वर्मा ने पूरा किया। इस अवसर पर वन विहार के उप-संचालक ए.के. खरे एवं वन्यप्राणी प्रेमी बड़ी संख्या में मौजूद थे।
राजपूत ने बताया कि 10 वर्ष सात माह की आयु के सफेद बाघ को एक वर्ष के लिए गोद लेने के लिए कंपनी ने 1.25 लाख रुपए और 17 वर्ष की आयु के ट्रेगा को एक वर्ष के लिए गोद लेने के लिए 50 हजार रुपए का चैक वन विहार के नाम पर प्रदान किया गया।
गौरतलब है कि सफेद बाघ के जोड़े को तीन दिन की सड़क यात्रा के माध्यम से नंदन कानन से वन विहार लाया गया है। इस जोडें को अभी आमजनता के दर्शन के लिए खुले में नहीं रखा गया है। इस जोड़े को खुले में 15 मई को लाने की योजना है।
वन विहार में देश में वन्य प्राणियों को गोद लेने की अनोखी योजना इसी वर्ष प्रारंभ की गई है। अब तक 25 से अधिक प्राणियों को नागरिकों एवं निजी कंपनियों ने गोद लिया है। इस योजना को प्रारंभ करने का मुख्य उद्देश्य नागरिकों में वन्य जीवों के प्रति जागरूकता बढ़ाना है।