MP की सियासत में समिधा पॉवर सेंटर, संघ-सरकार में समन्वय के लिए सीधे संपर्क में रहेंगे मंत्री
संघ कार्यालय समिधा पहुंचे मुख्यमंत्री और भाजपा प्रदेश अध्यक्ष
Publish Date: Thu, 01 Aug 2024 (13:01 IST)
Updated Date: Thu, 01 Aug 2024 (13:10 IST)
लोकसभा चुनाव के नतीजों के बाद भाजपा अब सरकार और संगठन मे समन्वय के साथ राज्यों में राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के साथ समन्वय पर जोर दे रही है। पिछले दिनों दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई बैठक में सरकार औऱ संगठन में समन्वय का मुद्दा प्रमुखता के साथ उठा। वहीं भाजपा शासित राज्यों के मुख्यमंत्रियों को संघ के साथ समन्वय पर बल दिया गया।
मध्यप्रदेश जहां पहले विधानसभा चुनाव और लोकसभा में संघ के साथ बेहतर समनव्य से भाजपा को बंपर जीत हासिल हुई। वहां पर अब संघ के साथ और बेहतर समन्वय की कवायद शुरु हो गई है। बुधवार को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और भाजपा प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा संघ कार्यालय समिधा पहुंचे। बुधवार को सबसे पहले मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव संघ कार्यालय समिधा पहुंचकर संघ के वरिष्ठ प्रचारकों भैय्याजी जोशी, मनमोहन वैद्य और दीपक विस्तपुते से मुलाकात की। इसके बाद शाम को भाजपा प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा शाम को संघ कार्यालय समिधा पहुंचें जहां पर उन्होंने संगठन के कामकाज की पूरी रिपोर्ट दी।
एक दिन में सत्ता और सरकार के प्रमुखों के संघ कार्यालय पहुंचने को सियासी गलियारों में संघ के साथ बेहतर समन्वय को लेकर देखा जा रहा है। बताया जा रहा है कि मुख्यमंत्री के साथ संघ के प्रमुख नेताओं की बैठक में सरकार के मंत्रियों के संघ के साथ बेहतर समन्वय के लिए संघ के सीधे संपर्क में रहने का खाका तैयार किया गया। अब संघ के वरिष्ठ पदाधिकारी सीधे मंत्रियों के संपर्क में रहेंगे और संघ के विचारधारा के अनुरूप विभाग के कामकाज का रोडमैप तैयार करेंगे।
गौरतलब है कि मध्यप्रदेश की राजनीति में भोपाल के अरेरा कॉलोनी स्थित संघ कार्यालय समिधा हमेशा के एक शक्तिशाली केंद्र में रहा है। सरकार और संगठन के प्रमुख नेता समिधा से ही मार्गदर्शन लेकर अपनी कार्ययोजना तैयार करते आए। मध्यप्रदेश में संघ की गहरी पैठ और विस्तारकों की बड़ी संख्या और उनकी सक्रियता ने राज्य में भाजपा को बहुत मजबूत कर दिया। ऐसे में जब लोकसभा चुनाव में उत्तर प्रदेश जैसे बड़े राज्यों में संघ की कम सक्रियता का खामियाजा भाजपा को सीधा उठाना पड़ा तब मध्यप्रदेश में भाजपा और संघ के बीच बेहतर कदमताल की कवायद शुरु हो गई है।