Publish Date: Wed, 14 Feb 2018 (08:24 IST)
Updated Date: Wed, 14 Feb 2018 (08:30 IST)
इंदौर। मध्यप्रदेश के इंदौर शहर में 5 जनवरी को हुए दिल्ली पब्लिक स्कूल (डीपीएस) बस सड़क हादसे के मामले में सोमवार को प्राचार्य की गिरफ्तारी के विरोध में मंगलवार को अन्य विद्यालय के प्राचार्यों ने लामबंद होकर उनको रिहा करने की मांग की है।
स्कूल संचालकों की संस्था एसोसिएशन ऑफ सीबीएसई अनएडेड स्कूल्स डायरेक्टर्स और प्रिंसिपल्स की संस्था इंदौर सहोदय स्कूल्स कॉम्प्लेक्स के सदस्य आज इंदौर संभागायुक्त संजय दुबे और पुलिस उपमहानिरीक्षक हरिनारायणचारि मिश्र के कार्यालय पर पहुंचे। यहां इन सदस्यों ने डीपीएस के प्राचार्य सुदर्शन सोनार की गिरफ़्तारी का विरोध किया।
संस्था सहोदय के सचिव मोहित यादव ने बताया कि जो स्कूल बस दुर्घटनाग्रस्त हुई थी, उसका विधिवित परमिट और फिटनेस क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय से प्राप्त किया गया था। ऐसे में बस हादसे में मृत हुए बच्चों के परिजनो के दबाव में हादसे के लिए स्कूल प्राचार्य का आरोपित ठहरना न्यायोचित नहीं है।
इंदौर संभागायुक्त और पुलिस उपमहानिरीक्षक ने प्रदर्शन करने पहुंचे सदस्यों को गुण-दोष के आधार पर मामले का निराकरण करने का आश्वासन दिया है।
गत 5 जनवरी को इंदौर के कनाड़िया थाना क्षेत्र में डीपीएस की बस बिचौली बायपास पर अनियंत्रित होकर दुर्घटनाग्रस्त हो गई थी। इस भीषण दुर्घटना में बस में सवार चार बच्चों की मौत हो गई थी। इस हादसे में बस चालक की भी मौत हो गई थी।
मामले की मजिस्ट्रियल जांच में घटना के लिए स्कूल प्रबंधन को लापरवाह माना गया था। घटना के बाद से ही मृतक बच्चों के परिजनों द्वारा स्कूल प्रबंधन की गिरफ़्तारी की मांग की जा रही थी। सोमवार को पुलिस ने डीपीएस के प्राचार्य को गिरफ्तार किया है। इंदौर जिला सत्र न्यायालय के प्रथम श्रेणी न्यायिक दंडाधिकारी महेश कुमार माली ने प्राचार्य को आगामी 22 फरवरी तक न्यायिक अभिरक्षा में रखे जाने के आदेश जारी किए हैं। (वार्ता)