Publish Date: Sat, 29 Apr 2017 (07:37 IST)
Updated Date: Sat, 29 Apr 2017 (07:52 IST)
धमतरी। छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले के कलेक्टर डॉ. सीआर प्रसन्ना ने जानकारी दी है कि अब किसी भी व्यक्ति की आधार संबंधी जानकारी को सार्वजनिक नहीं किया जा सकता। अगर ऐसा किया गया तो 3 साल की सजा हो सकती है।
डॉ. प्रसन्ना ने शुक्रवार को यहां जिला पंचायत के सभाकक्ष में समयसीमा की बैठक के दौरान बताया कि भारत सरकार के आधार एक्ट-2016 के अधिनियम के तहत अब आधार नंबर के साथ दिए गए मोबाइल नंबर, पता इत्यादि को पब्लिक डोमेन में प्रदर्शित करने पर 3 वर्ष के कारावास का प्रावधान किया गया है।
कलेक्टर ने सभी विभागों को इस एक्ट का पालन सख्ती से करने के निर्देश दिए, साथ ही उनके विभागीय वेबसाइट्स में भी किसी की भी आधार संबंधी जानकारी का प्रदर्शन नहीं करने के लिए कहा है। (वार्ता)