पर्सिया से आई पतंग, लेकिन इन देशों में सबसे ज्‍यादा उड़ी

मकर संक्राति आते ही आसमान में उड़ती हुई रंग बिरंगी पतंग भी नजर आने लगती है। संक्रांति पर देश में गुजरात में पतंग उड़ाने का सबसे बड़ा आयोजन होता है, लेकिन क्‍या आप जानते हैं पतंग उड़ाने का इतिहास क्‍या है, ये कहां से आया और अब देश के किन राज्‍यों में बड़े पैमाने पर काइट फेस्‍टिवल मनाया जाता है। जबकि दुनिया की बात करें तो चाइना में यह सबसे बड़ा और एक अलग ही समय पर मनाया जाता है। आइए जानते हैं काइट फेस्‍टिवल के बारे में।

चीन का काइट फेस्‍टिवल
चीन में इस बार 37वां इंटरनेशनल काइट फेस्‍टिवल मनाया जाएगा। यह चीन के वेइफांग शहर में मनाया जाता है, जिसमें हर बार करीब 30 देशों के 500 से ज्‍यादा लोग हिस्‍सा लेते हैं। इस फेस्‍टिवल में रूस, अमेरिका, ब्रिटेन, ऑस्‍ट्रेलिया, जापान, फ्रांस, कनाडा और इंडोनेशिया समेत अन्‍य देशों के हजारों लोग देखने आते हैं।

यह हर साल 20 से 25 अप्रेल के बीच मनाया जाता है। एक रिपोर्ट के मुताबिक वेइफांग में हर साल करीब 80 लाख से ज्‍यादा पतंगें बनाई जाती हैं। इन्हें चीन के साथ-साथ दुनिया के कई देशों में भेजा जाता है। वेइफांग की आबादी करीब 9.5 लाख है। इनमें से 25 फीसदी लोग सालभर पतंग बनाने के काम में लगे रहते हैं।

क्‍या है पतंग का इतिहास
जानकारी के मुताबिक पतंग उड़ाने की परंपरा पर्सिया से आई है। यहां से आए मुस्लिम व्यापारियों और चीन से आए बौद्ध लोगों ने इसकी शुरुआत की थी। यह भी कहा जाता है कि नवाबों के काल में पतंग उड़ाना मनोरंजन का साधन हुआ करता था। लेकिन अब कई देश में पतंग महोत्सव शुरू हो चुका है।

गुजरात
गुजरात में हर साल 7 जनवरी से 15 जनवरी के बीच इंटरनेशनल काइट फेस्टिवल का आयोजन होता है। इसमें कई विदेशी शहर हिस्सा लेने पहुंचते हैं। जिनमें जापान, मलेशिया, चाइना, सिंगापुर आदि शामिल हैं।

तेलंगाना
तेलंगाना इंटरनेशनल काइट फेस्टिवल में पिछले तीन सालों से मकर संक्राति के दौरान इंटरनेशनल काईट फेस्टिवल का आयोजन किया जा रहा है। इस बार भी ये जनवरी में ही आयोजित होगा। जिसमे करीबन 40 से ज्यादा देश के लोग हिस्सा लेते हैं।

जयपुर
जयपुर इंटरनेशनल काइट फेस्टिवल भी मकर संक्रांति पर आयोजित होता है। हालांकि इसका तय समय 14 जनवरी ही है। यह मकर संक्रांति के दिन के बाद तीन दिनों तक जारी रहता है।

पंजाब
बसंत पंचमी काइट फेस्टिवल पंजाब में बसंत पंचमी के दिन मनाया जाता है, इस दिन सभी सरसों के लहलहाते खेतों के बीच पतंग उड़ाते हुए नजर आते हैं। इस पर्व के दौरान मुख्य आकर्षण होता है पेंच लड़ाना। पतंग उड़ाने की प्रतियोगिताओं का भी आयोजन किया जाता है।

दिल्‍ली
यह भारत की राजधानी दिल्ली में जनवरी में ही होता है। यह पालिका बाजार और कनाट प्लेस पर आयोजित होता है। जहां पूरी दिल्ली से लोग आकर पतंग महोत्सव का मजा लेते हैं। इस दौरान कई पतंग प्रतियोगिताएं भी आयोजित की जाती हैं। जीतने वालों के लिए बड़े इनाम की व्‍यवस्‍था की जाती है।

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