दो साल में बन सकता है राम मंदिर
Publish Date: Mon, 27 Feb 2017 (14:14 IST)
Updated Date: Mon, 27 Feb 2017 (14:23 IST)
अयोध्या। अयोध्या में दशकों से चले आ रहे मंदिर-मस्जिद विवाद को लेकर श्रीराम जन्मभूमि न्यास के अध्यक्ष महंत नृत्य गोपालदास ने चुनाव के मौके पर बड़ा बयान दिया है। अपने आश्रम मणिराम छावनी में बात करते हुए दास ने कहा कि वर्तमान में देश के 5 राज्यों में विधानसभा चुनाव चल रहे हैं, इसी क्रम में उत्तरप्रदेश में भी चुनाव की सरगर्मी
यूपी की राजनीति को लेकर किए गए सवाल के जवाब में न्यास अध्यक्ष नृत्यगोपालदासजी महाराज ने कहा कि देश में मोदी लहर है। सारी जनता मोदी को आगे बढ़ाकर देश का कल्याण चाहती है। जनता चाहती है कि मोदीजी के प्रधानमंत्रित्वकाल में पुन: रामराज्य की स्थापना हो, राष्ट्रीय भावना, राष्ट्रहित का चिंतन हो। जनता मोदी से आशान्वित है, संत-महात्माओं का भी मोदीजी को आशीर्वाद प्राप्त है तथा उनकी प्रेरणा से मोदीजी अपने कार्यों में सफल होंगे।
महंत नृत्य गोपालदास ने कहा कि पूर्ण विश्वास है कि अगले 2 वर्षों में हो जाएगा मंदिर का निर्माण। गोपालदास ने दावा किया कि मंदिर निर्माण में थोड़ी-सी अड़चन है और अगर वह दूर हो जाए तो निश्चित ही मोदी काल में मंदिर निर्माण का कार्य प्रारंभ हो जाएगा।
उन्होंने कहा कि मंदिर निर्माण में संवैधानिक अड़चन है, न्यायालय में मुकदमा चल रहा है ऐसी स्थिति में कोई भी सरकार या व्यक्ति न्यायालय की अवहेलना नहीं कर सकता इसलिए न्यायालय के निर्णय की प्रतीक्षा है।
उन्होंने कहा कि संविधान सम्मानीय है, सर्वोपरि है व सभी उसका सम्मान करते हैं। न्यायालय भी जनता का रुख देखकर ही कोई फैसला करता है। अयोध्या मसले में भी न्यायालय शीघ्र ही जनता के रुख को देखकर निर्णय सुनाएगा। जनता को पूर्ण विश्वास है कि मोदी काल में ही मंदिर निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा।
उन्होंने कहा कि अगर मोदी अपने कर्तव्य से विमुख हुए तो देश का संत समाज दबाव देकर अयोध्या में मंदिर का निर्माण कराएगा। दास ने कहा कि देश के हिन्दू समाज और संतों को यह विश्वास था कि मोदी के आने पर ही अयोध्या में भव्य राम मंदिर निर्माण होगा।
बीते 3 वर्षों में मोदी देश के विकास के लिए कार्य करते रहे इसलिए देश का हिन्दू समाज और संत समाज सही समय की प्रतीक्षा करता रहा लेकिन अब वक्त आ गया है कि अयोध्या में भव्य राम मंदिर के निर्माण के लिए केंद्र सरकार और उसके प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी प्रयास करें। नोटबंदी को लेकर उन्होंने कहा कि इससे संतों का क्या लेना-देना? संत तो भगवान भरोसे होते हैं वैसे भी नोटबंदी साहसिक एवं सराहनीय कदम है तथा यह मोदी जैसी जीवटता वाला व्यक्ति ही कर सकता है।
एक सवाल के जवाब में न्यास अध्यक्ष ने कहा कि मोदी सरकार कहने में नहीं, करने में विश्वास रखती है। मोदी ज्यादा बोलते नहीं, लुभावनी बातें नहीं करते, वे उतना ही बोलते हैं जितना कि वे करने में सक्षम होते हैं।
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Publish Date: Mon, 27 Feb 2017 (14:14 IST)
Updated Date: Mon, 27 Feb 2017 (14:23 IST)
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