Publish Date: Thu, 03 Aug 2017 (22:56 IST)
Updated Date: Thu, 03 Aug 2017 (23:01 IST)
नई दिल्ली। राज्यसभा में आज सदस्यों ने ‘ब्लू व्हेल’ जैसे घातक ऑनलाइन गेम से बच्चों पर पड़ रहे प्रतिकूल प्रभाव का जिक्र किया और उन पर रोक लगाए जाने की मांग की।
भाजपा सदस्य अमर शंकर सांवले ने शून्यकाल में यह मुद्दा उठाया और कहा कि इस गेम के कारण मुंबई में मनप्रीत नामक एक लडके ने सातवीं मंजिल से छलांग लगाकर आत्महत्या कर ली। वह पिछले कई दिनों से यह गेम खेल रहा था।
उन्होंने कहा कि अमेरिका, रूस आदि देशों में 130 बच्चे इस वजह से खुदकुशी कर चुके हैं। उन्होंने कहा कि 50 दिनों के इस खेल में आत्महत्या के लिए प्रेरित किया जाता है और मनप्रीत भारत में इसका पहला शिकार है।
उनकी पार्टी के ही विकास महात्मे और सपा के संजय सेठ ने भी इस मुद्दे से खुद को संबद्ध किया। शून्यकाल में ही सपा के नरेश अग्रवाल ने जेनेरिक और गैर..जेनेरिक दवाओं की कीमतों में भारी अंतर होने का मुद्दा उठाया।
उन्होंने कहा कि इस कारण गरीबों पर ज्यादा मार पड़ रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि डॉक्टर और केमिस्ट मिलकर मरीजों को ‘लूट’ रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि अमेरिका के दबाव में 127 दवाइयों को जेनेरिक से गैर..जेनेरिक बना दिया गया।
संसदीय कार्य राज्य मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी ने कहा कि सरकार गरीबों को किफायती दर पर दवाइयां मुहैया कराने के लिए प्रयासरत है और इस क्रम में हजारों की संख्या में जन औषधि केंद्र खोले गए हैं। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि वह नरेश अग्रवाल द्वारा उठाए गए विषय से स्वास्थ्य मंत्री को अवगत करा देंगे। (भाषा)