Publish Date: Fri, 20 Oct 2017 (06:49 IST)
Updated Date: Fri, 20 Oct 2017 (08:03 IST)
नई दिल्ली। राजधानी दिल्ली में दिवाली के मौके पर प्रदूषण को लेकर उच्चतम न्यायालय (सुप्रीम कोर्ट) के आदेश की धज्जियां उड़ाते हुए जमकर पटाखे फोड़े गए। जमकर हुई आतिशबाजी से धुएं के गुब्बार और धुंध ने शहर की फिजाओं में बारूदी जहर घोल दिया। अब सांस लेना भी मुश्किल होगा।
दिल्ली-एनसीआर में सुप्रीम कोर्ट के पटाखों पर प्रतिबंध के बावजूद प्रदूषण का स्तर कम होता दिखाई नहीं दे रहा है। दिवाली की रात के आंकड़ों पर नजर डालें तो कई जगहों पर प्रदूषण का स्तर सामान्य से 12 गुना तक ज्यादा हो चुका है। दक्षिणी दिल्ली के आरके पुरम जैसे पॉश इलाके में प्रदूषण का स्तर पीएम 2.5 में लगभग 12 गुना तक गिरावट दर्ज की गई है।
आरके पुरम के अलावा आनंद विहार, शाहदरा, वजीरपुर, अशोक विहार और श्रीनिवासपुरी जैसे इलाकों में भी प्रदूषण का स्तर सामान्य से कई गुना ज्यादा पहुंच गया है, ये आंकड़े रात करीब 10:00 बजे तक के हैं। जानकारों की मानें तो यह आंकड़ा सुबह तक कहीं और ज्यादा खतरनाक स्तर तक पहुंच सकते हैं।
खूब छूटे पटाखे, प्रदूषण बढ़ा : दिल्ली-एनसीआर में पटाखों की बिक्री पर प्रतिबंध के बावजूद दिवाली पर लोगों ने जमकर आतिशबाजी की जिससे राष्ट्रीय राजधानी में शुक्रवार सुबह प्रदूषण का सूचकांक बढ़कर 350 के पार पहुंच गया।
केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की वेबसाइट के अनुसार आज सुबह छह बजे दिल्ली में प्रदूषण सूचकांक 351 दर्ज किया गया जो बेहद खराब की श्रेणी में आता है। सिस्टम ऑफ एयर क्वालिटी एंड वेदर फोरकास्ट (सफर) ने बताया था कि सूचकांक 350 पर तभी पहुंचेगा जब लगभग पिछले साल जितने ही पटाखे छोड़े जाएंगे। इस स्थिति में मौसम की अन्य परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए उसने शनिवार और रविवार को दिल्ली में प्रदूषण गंभीर स्तर तक पहुंचने की चेतावनी दी है। शनिवार को सूचकांक 471 पर और रविवार को 409 पर पहुंच सकता है। (वार्ता)