Webdunia - Bharat's app for daily news and videos

Install App

Select Your Language

Notifications

webdunia
webdunia
webdunia
webdunia
Advertiesment

Corona काल में अर्थव्यवस्था के लिए मुश्किल हालात में भी वित्तमंत्री ने लगाया शतक

webdunia
  • facebook
  • twitter
  • whatsapp
share
मंगलवार, 23 मार्च 2021 (17:06 IST)
नई दिल्ली। भाजपा ने मंगलवार को कहा कि कोरोना महामारी संकट के कारण अर्थव्यवस्था के लिए पैदा हुए मुश्किल हालात में भी प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की कप्तानी में वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने बजट में स्वास्थ्य, आधारभूत ढांचा, कृषि, जन कल्याण एवं आत्मनिर्भर भारत की योजनाओं को प्राथमिकता देकर शतक लगाया है।
 
लोकसभा में 'वित्त विधेयक 2021' पर चर्चा में भाग लेते हुए भाजपा सांसद राजेंद्र अग्रवाल ने यह भी कहा कि नरेन्द्र मोदी सरकार में हर कदम गरीबों के हित को ध्यान में रखकर और सबका साथ, सबका विकास एवं सबका विश्वास की भावना के साथ उठाया गया है। उन्होंने कहा कि संकट के समय भी इस बार के बजट में आम लोगों पर कर का किसी तरह का बोझ नहीं डाला गया जिसके लिए पूरे देश में प्रधानमंत्री मोदी और वित्तमंत्री की प्रशंसा हो रही है।

 
अग्रवाल ने कोरोना संकट और अर्थव्यवस्था के लिए मुश्किल हालात का उल्लेख करते हुए कहा कि क्रिकेट में प्रत्येक शतक का महत्व होता है, लेकिन पिच मुश्किल हो, विरोधियों ने घेर रखा हो तो उस वक्त के शतक का अलग ही महत्व है। कोरोना काल में वित्तमंत्री ने अपने कप्तान प्रधानमंत्री के नेतृत्व में दबाव के समय शतक लगाया है। उन्होंने कहा कि इन मुश्किल हालात में भी बजट में स्वास्थ्य, आधारभूत ढांचा, कृषि, जन कल्याण एवं आत्मनिर्भर भारत की योजनाओं को प्राथमिकता दिया गया है।

 
उन्होंने कहा कि विकास के सभी मानकों पर देश प्रगति कर रहा है। कोरोना संकट भी में विदेशी मुद्रा भंडार 580 अरब डॉलर के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया है। यह सरकार की नीतियों के प्रति विश्वास का प्रमाण है। अग्रवाल ने केंद्र सरकार की कई योजनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि वर्तमान सरकार के समय केंद्र से 1 रुपए आवंटित होता है तो लोगों तक 1 रुपया ही पहुंचता है।

webdunia
 
किसानों के कल्याण के कदमों एवं कृषि कानूनों का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि आम किसान मानता है कि तीनों कृषि किसानों के पक्ष में हैं। भाजपा सांसद ने यह भी कहा कि करदाताओं की संख्या 2 गुना हो गई और अब यह छह करोड़ से अधिक है। केंद्र में मोदी सरकार बनने के समय देश का बजट 16 लाख करोड़ रुपए था, लेकिन आज बजट अब 34 लाख करोड़ रुपए हो गया।
 
उन्होंने आरोप लगाया कि आजादी के बाद कांग्रेस की सरकारों के वामपंथ रुझानों के कारण देश में उद्योगों का नुकसान हुआ और साथ ही भौगोलिक क्षेत्र का भी नुकसान हुआ। अग्रवाल ने कहा कि 1991 में वैश्वीकरण से कोई भारी परिवर्तन नहीं हुआ, लेकिन देश एक बड़ा बाजार बन गया। भाजपा सांसद ने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने वोटबैंक को ध्यान में रखकर नीतियां बनाईं, लेकिन मोदी सरकार ने 'सबका साथ, सबका विकास और सबका विश्वास' की भावना से काम किया है। (भाषा)

Share this Story:
  • facebook
  • twitter
  • whatsapp

Follow Webdunia Hindi

अगला लेख

webdunia
महाराष्ट्र में 'विकास' नहीं 'वसूली' हो रही है, रविशंकर प्रसाद का उद्धव सरकार पर प्रहार