Publish Date: Sat, 22 Jun 2019 (10:28 IST)
Updated Date: Sat, 22 Jun 2019 (11:40 IST)
वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण की अध्यक्षता में शुक्रवार को जीएसटी काउंसिल की पहली और अब तक की 35वीं बैठक हुई, जिसमें सबसे अहम फैसला लिया गया कि अब जीएसटी घटने के बावजूद दाम नहीं घटाने वाले दुकानदारों और कंपनियों पर 10 प्रतिशत जुर्माना लगेगा, वहीं दूसरी ओर मल्टीप्लेक्स में फिल्म देखने के लिए अब अनिवार्य तौर पर ई-टिकट जारी करने होंगे। इसमें ई-इनवाइस सिस्टम के जरिए सरकार मल्टीप्लेक्स में बिके टिकटों का हिसाब रख सकेगी।
खबरों के मुताबिक, जीएसटी काउंसिल की पहली बैठक में लिए गए फैसलों के अनुसार, किसी सामान पर टैक्स घटने के बाद भी दाम न घटाना अब कंपनियों को महंगा पड़ेगा, क्योंकि उन्हें ज्यादा वसूले दाम के साथ 10 प्रतिशत तक पेनाल्टी देनी होगी। क्योंकि जीएसटी रेट घटने के बाद भी कई कंपनियां दाम नहीं घटाती हैं। ऐसी शिकायतों को देखते हुए जुर्माने का फैसला लिया गया है।
इसके अलावा मल्टीप्लेक्स में फिल्म देखने के लिए अब केवल ई टिकट मिलेंगे। अभी कुछ मल्टीप्लेक्स में मैन्युअल टिकट भी बनते हैं। सरकार को अभी तक यह जानकारी नहीं होती है कि किस मल्टीप्लेक्स में कितने टिकट बिके हैं। इसके अनुसार, व्यापारियों के लिए ई-इन्वॉइस का सिस्टम बनाया गया है, जिसमें सामान भेजने का पूरा रिकॉर्ड सरकार को पता चल जाएगा। इसके जरिए सरकार टैक्स चोरी रोकना चाहती है।
बैठक में वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) व्यवस्था के तहत वार्षिक रिटर्न दाखिल करने की आखिरी तिथि को 2 महीने तक बढ़ाकर 30 अगस्त करने का निर्णय लिया गया। उल्लेखनीय है कि पेट्रोलियम उत्पाद, बिजली और मानवीय खपत के लिए अल्कोहल जैसी कुछ चीजें माल एवं सेवा कर (जीएसटी) के दायरे से बाहर हैं।