Publish Date: Thu, 29 Oct 2015 (20:50 IST)
Updated Date: Fri, 30 Oct 2015 (12:55 IST)
नई दिल्ली। गंगा की स्वच्छता की महत्वाकांक्षी योजना के तहत, केन्द्र ने हरिद्वार में नए घाट के निर्माण और मंदाकिनी एवं सरस्वती नदियों के तटबंध मजबूत करने सहित उत्तराखंड के लिए विभिन्न योजनाओं को मंजूरी दी।
एक आधिकारिक बयान में आज यहां कहा गया कि केन्द्रीय जल संसाधन मंत्रालय ने उत्तराखंड सरकार द्वारा भेजी गई कई योजनाओं के प्रस्ताव को मंजूर किया।
बयान में कहा गया है कि हरिद्वार में चंडीघाट पर एक नए घाट का निर्माण किया जाएगा और केन्द्रीय पीएसयू द्वारा इस निर्माण का प्रबंधन किया जाएगा तथा काम अगले महीने से शुरू होगा।
बयान में कहा गया कि मंदाकिनी और सरस्वती नदियों के तटबंध मजबूत करने तथा केदारनाथ में घाटों के निर्माण के लिए केन्द्रीय पीएसयू के इंजीनियरों का समूह गठित किया जाएगा।
इसमें कहा गया कि यह समूह उत्तरकाशी के ‘नेहरू इंस्टीट्यूट ऑफ माउंटेनियरिंग’ के विशेषज्ञों के साथ सलाह-मशविरा करते हुए डीपीआर तैयार करेगा। केन्द्रीय पीएसयू द्वारा ॠषिकेश में जगजीतपुरा और मुनि की रेती में सीवेज शोधन संयंत्र स्थापित किए जाएंगे। यह काम अगले वर्ष फरवरी तक शुरू हो सकता है।
अर्ध कुंभ के लिए राज्य सरकार द्वारा मांगी गई मदद के संबंध में यह फैसला किया गया कि जहां भी संभव होगा, 'नमामि गंगे परियोजना' के तहत मदद की जाएगी। (भाषा)