Publish Date: Mon, 09 Nov 2015 (22:37 IST)
Updated Date: Mon, 09 Nov 2015 (22:42 IST)
पटना। भाजपा की सहयोगी पार्टी हिन्दुस्तानी अवाम मोर्चा (हम) सेक्युलर ने सोमवार को कहा कि बिहार विधानसभा चुनाव में राजग की पराजय का कारण आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत का आरक्षण को लेकर दिया गया बयान, गोमांस और पाकिस्तान में पटाखे फूटने जैसी टिप्पणियां रहीं।
हम सेक्युलर प्रमुख जीतनराम मांझी ने कहा कि मोहन भागवत का आरक्षण मुद्दे पर बयान गलत समय पर आया। राजद प्रमुख लालू प्रसाद और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार राजग के सत्ता में आने पर पिछड़े और दलितों के बीच उसको लेकर भय पैदा करने में कामयाब रहे।
हम सेक्युलर ने 21 सीटों पर अपने उम्मीदवार खड़े किए थे और उम्मीद की जा रही थी कि वह दलित और महादलित मतदाताओं को राजग के पक्ष में कर पाएगी। यद्यपि पार्टी प्रमुख मांझी इमामगंज विधानसभा क्षेत्र से तो जीत गए लेकिन वह अपनी पुरानी सीट मखदूमपुर पर अपना कब्जा बरकरार नहीं रख पाए।
मांझी ने कहा कि भाजपा नेताओं ने आरक्षण को लेकर स्पष्टीकरण देने की कोशिश की लेकिन तब तक लालू और नीतीश हमारे खिलाफ पिछड़े एवं दलितों के बीच संदेश पहुंचा चुके थे। मांझी चुनाव परिणामों को लेकर शाम पटना स्थित अपने आवास पर अपनी पार्टी नेताओं के साथ विचार-विमर्श करने वाले हैं। उन्होंने कहा कि महागठबंधन के हाथों हार का कारण गोमांस और पाकिस्तान में पटाखा फूटने वाली टिप्पणी भी रही।
उन्होंने कहा कि ऐसी टिप्पणियों से मुसलमानों के बीच भय का माहौल बना और वे महागठबंधन के पक्ष में एकजुट हो गए। मांझी ने कहा कि (भाजपा अध्यक्ष अमित शाह की) पाकिस्तान में पटाखे फूटने की टिप्पणी को मुस्लिम समुदाय ने जानबूझकर उन्हें चिढ़ाने के लिए की गयी टिप्पणी माना।
हम सेक्युलर के प्रवक्ता दानिश रिजवान ने कहा कि समीक्षा बैठक में अभिनेता एवं भाजपा सांसद शत्रुघ्न सिन्हा के बयान और आरा से भाजपा सांसद आरके सिंह पैसा लेकर और आपराधिक छवि वालों को टिकट दिए जाने वाली टिप्पणी पर भी चर्चा होगी जिसने राजग की संभावना को प्रभावित किया। उन्होंने आरके सिंह के बयान से भाजपा नीत राजग को हुए नुकसान को दर्शाने के लिए राजग द्वारा आरा और बक्सर की सीटें नहीं जीत पाने को उदाहरणस्वरूप पेश किया। (भाषा)