Publish Date: Mon, 07 Dec 2020 (15:29 IST)
Updated Date: Mon, 07 Dec 2020 (18:15 IST)
जम्मू। गलती से कल यानी रविवार को पुंछ में एलओसी को पार कर भारतीय क्षेत्र में घुसने वाली दोनों पाकिस्तानी नाबालिग लड़कियों को सोमवार को चकना दा बाग क्रॉसिंग प्वाइंट से तोहफों से लादकर वापस पाक कब्जे वाले कश्मीर (POK) में भेज दिया गया है।
रक्षा प्रवक्ता ने कहा कि लाएबा जबैर (17) तथा उसकी छोटी बहन सना जबैर (13) पीओके की कहुटा तहसील के अब्बासपुर की निवासी हैं। एलओसी से लगे पुंछ सेक्टर में तैनात भारतीय सैनिकों ने उन्हें इस ओर घूमते हुए देखा था।
याद रहे कल जम्मू संभाग के पुंछ जिला में एलओसी के नजदीक से पाकिस्तानी कब्जे वाले कश्मीर की दो संदिग्ध युवतियों को गिरफ्तार किया गया था, जो भारतीय क्षेत्र में घुसपैठ करने की कोशिश कर रही थीं।
अधिकारियों से मिली जानकारी के अनुसार, पुंछ में एलओसी पर तैनात भारतीय सेना की सरला बटालियन ने चकना दा बाग क्षेत्र में पाकिस्तान की ओर से घुसपैठ करते हुए दो पाकिस्तानी युवतियों को देखा। इसके तुरंत बाद सेना ने उन्हें आत्मसमर्पण करने के लिए चेतावनी दी।
सुरक्षाबलों ने इन दोनों पाकिस्तानी संदिग्ध युवतियों को गिरफ्तार कर हिरासत में ले लिया था। पूछताछ के दौरान दोनों ने गलती से इस ओर आना स्वीकार किया था। सेना के अतिरिक्त पुलिस ने भी इनसे पूछताछ की थी, लेकिन इन्हें सेना ने अपनी हिरासत में रखते हुए पुलिस के हवाले नहीं किया था।
महिला पुलिसकर्मियों द्वारा की गई पूछताछ के बाद दोनों नाबालिग निकलीं। एक की पहचान 17 वर्षीय लाएबा जाबेर निवासी पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर और दूसरी की पहचान 13 वर्षीय सना जाबेर निवासी अब्बासपुर, तहसील कहुटा के रूप में हुई थी। इस घटना के बारे में पाकिस्तानी सेना को सूचित कर दिया गया था। चूंकि दोनों नाबालिग थीं और उनको लौटाने के लिए सभी आवश्यक दस्तावेज संबंधी कार्रवाई पूरी होने के बाद सेना ने उन्हें तोहफों के संग आज पाक सेना के हवाले कर दिया।
About Writer
सुरेश एस डुग्गर
सुरेश डुग्गर वेबदुनिया के लिए जम्मू कश्मीर से समाचार संकलन के लिए अधिकृत हैं। वे तीन दशक से ज्यादा समय से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं।....
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